अमित शाह बोले- जिसे लार टपकाना हो टपकाते रहिए, नीतीश और हम साथ रहेंगे

मिशन-2019 के तहत राजग को मजबूत करने की कवायद में बिहार पहुंचे अमित शाह ने कहा कि नीतीश कुमार भाजपा के पुराने सहयोगी हैं। जिसे लार टपकाना हो टपकाते रहिए। नीतीश और हम साथ रहेंगे। भाजपा अध्यक्ष ने भरोसा जताया कि राजग केंद्र में एक बार फिर पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएगा।अमित शाह बोले- जिसे लार टपकाना हो टपकाते रहिए, नीतीश और हम साथ रहेंगे

पटना के बापू सभागार में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए शाह ने कहा कि चंद्रबाबू नायडू अगर राजग का साथ छोड़ गए तो नीतीश जैसे पुराने साथी दोबारा साथ आए हैं। हमारी सरकार ने बिहार को बीमारू प्रदेश की श्रेणी से बाहर निकाला। आगे भी बिहार के विकास के लिए केंद्र प्रतिबद्ध है। 

शाह ने कहा कि नरेंद्र मोदी को हटाना ही विरोधियों का एजेंडा है, लेकिन पीएम का एजेंडा देश का विकास है। बिहार से कांग्रेस मुक्त भारत की शुरुआत हुई थी। अब देश को बर्बाद करने वाले परिवार को पूरी तरह से उखाड़ फेंकना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को राज्य की सभी 40 लोकसभा सीट जीतने का टास्क दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र में दोबारा मोदी सरकार बनने तक आराम नहीं करना है। 

चुनाव जीतने की आदत डाल ली है
शाह ने कहा कि भाजपा आज 11 करोड़ सदस्यों के साथ दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी है। भाजपा 19 राज्यों में सेवा कर रही है। केरल, तमिलनाडु, ओडिशा और तेलंगाना को जीते बिना कार्यकर्ता चैन से बैठने वाले नहीं हैं। हमने चुनाव जीतने की आदत डाली है।

45 मिनट तक चली शाह-नीतीश वार्ता
इससे पहले रांची से पटना पहुंचे शाह से मिलने के लिए नीतीश अतिथि आवास पहुंचे। दोनों के बीच नाश्ते पर करीब 45 मिनट बात हुई। भाजपा नेताओं की मानें तो वार्ता सकारात्मक रही।  

लालू का हाल जानने पहुंचे गहलोत, टटोली नब्ज
नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के खास दूत के तौर पर महासचिव संगठन अशोक गहलोत बुधवार रात पटना पहुंचे। गहलोत वैसे तो औपचारिक तौर पर राजद के बीमार अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव का हाल जानने गए थे, लेकिन उन्होंने मुलाकात के दौरान राज्य की नब्ज भी टटोलने की कोशिश की। दोनों के बीच सीटों के तालमेल और महागठबंधन के विस्तार पर भी चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक, अगर महागठबंधन में कोई और क्षेत्रीय दल नहीं जुड़ता है तो कांग्रेस 12 से 15 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।