कलकत्ता हाईकोर्ट ने भाजपा को बंगाल में रथ यात्रा की नहीं दी अनुमति

पश्चिम बंगाल सरकार ने भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की, कूचबिहार से प्रस्तावित ‘रथ यात्रा’ को अनुमति देने से यह कहते हुए इंकार कर दिया है कि इससे सांप्रदायिक तनाव उत्पन्न हो सकता है।  वहीं, प. बंगाल भाजपा के उपाध्यक्ष जय प्रकाश मजूमदार ने हाईकोर्ट के इस निर्णय पर कहा है कि वह कल सुबह यानी शुक्रवार को खंड न्यायपीठ जाएंगे। उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान के तहत किसी भी शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक आंदोलन की अनुमति है, इसी आधार पर हम न्याय मांगेंगे।

कलकत्ता हाईकोर्ट ने भाजपा को बंगाल में रथ यात्रा की नहीं दी अनुमति

राज्य सरकार के महाधिवक्ता (एजी) ने बृहस्पतिवार को कलकत्ता उच्च न्यायालय को यह जानकारी दी। किशोर दत्ता ने अदालत को बताया कि कूचबिहार के पुलिस अधीक्षक ने शुक्रवार से भाजपा अध्यक्ष की प्रस्तावित रथ यात्रा को अनुमति देने से इंकार कर दिया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अध्यक्ष अमित शाह का राज्य में पार्टी की ‘लोकतंत्र बचाओ रैली’ आयोजित करने का कार्यक्रम है जिसमें तीन ‘रथ यात्राएं’ शामिल हैं।

राज्य सरकार ने कहा है कि इस यात्रा से सांप्रदायिक तनाव उत्पन्न हो सकता है। दत्ता ने कहा कि जिले में सांप्रदायिक मुद्दों का एक इतिहास रहा है और वहां से ऐसी सूचना है कि सांप्रदायिकता को उकसाने वाले कुछ लोग और उपद्रवी तत्व वहां सक्रिय हैं। पुलिस अधीक्षक (एसपी) द्वारा अनुमति देने से इंकार करने संबंधी पत्र में उल्लेख किया गया है कि भाजपा के कई शीर्ष नेताओं के साथ-साथ अन्य राज्यों से भी लोग कूचबिहार आएंगे। पत्र में जोर दिया गया है कि इससे जिले की सांप्रदायिक संवेदनशीलता प्रभावित हो सकती है।

जमीनी स्थिति को देखते हुये अनुमति देने से इंकार करने को एक प्रशासनिक निर्णय बताते हुये एजी ने कहा कि इसके संवेदनशील प्रकृति के कारण आंशका का ब्यौरा खुली अदालत में नहीं बताया जा सकता। एजी ने कहा कि अगर निर्देश दिया जाता है तो वह एक सीलबंद लिफाफे में अदालत को यह सौंप सकते हैं।

भाजपा ने न्यायमूर्ति तपब्रत चक्रवर्ती की पीठ को बताया कि वह शांतिपूर्ण यात्रा करेगी। भाजपा अपनी तीन रैलियों के लिए राज्य सरकार को अनुमति देने की मांग को लेकर अदालत गई है। इस पर न्यायाधीश ने पूछा कि अगर कोई अप्रिय घटना होती है तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? जवाब में भाजपा के वकील अनिंद्य मित्रा ने कहा कि पार्टी एक शांतिपूर्ण रैली आयोजित करेगी लेकिन कानून और व्यवस्था को बनाए रखना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है।

मित्रा ने कहा कि संविधान राजनीति कार्यक्रम आयोजित करने के अधिकार की गारंटी देती है। उन्होंने कहा कि अप्रिय स्थिति की धारणा के आधार पर इंकार नहीं किया जा सकता है। न्यायाधीश ने पूछा कि क्या वह इसे स्थगित करने के लिये तैयार हैं। इस पर भाजपा के वकील ने नकारात्मक जवाब दिया और कहा कि इसकी तैयारी लंबे समय से जारी है और अनुमति के लिए अक्टूबर में ही प्रशासन से संपर्क किया था।

उन्होंने कहा कि लंबे समय तक आवेदन रखने के बाद उन्होंने अब अनुमति देने से इंकार कर दिया है। अनुमति से इंकार का विरोध करने वाले भाजपा के पूरक हलफनामे का भी महाधिवक्ता ने विरोध किया और कहा कि या तो एक नई याचिका दायर की जा सकती है या इसी याचिका में संशोधन किया जा सकता है। भाजपा का सात दिसंबर से उत्तर में कूचबिहार से अभियान शुरू करने का कार्यक्रम है। इसके बाद नौ दिसंबर को दक्षिण 24 परगना जिला और 14 दिसंबर को बीरभूमि जिले में तारापीठ मंदिर से भाजपा का रथ यात्रा शुरू करने का कार्यक्रम है।

पश्चिम बंगाल में भाजपा की रथयात्रा सियासी खेल बदलने वाली साबित होगी

आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर भाजपा पश्चिम बंगाल में सात दिसंबर से शुरू हो रही रथ यात्रा के लिए पूरी तरह तैयार है। पार्टी का दावा है कि यह यात्रा प्रदेश की राजनीति में तस्वीर बदलने वाली साबित होगी।

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ‘लोकतंत्र बचाओ रैली’ के साथ इस अभियान की शुरुआत करेंगे। अभियान की शुरुआत सात दिसंबर को कूचबिहार, नौ दिसंबर को दक्षिण 24 परगना के काकद्वीप और 14 दिसंबर को बीरभूम जिले में तारापीठ मंदिर से शुरू किये जाने का कार्यक्रम है।

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष ने पीटीआई-भाषा को बताया, “रथ यात्रा पश्चिम बंगाल की सियासत में तस्वीर बदलने वाली साबित होगी। इससे भाजपा के समर्थन में एक लहर की शुरुआत होगी जो आगामी आम चुनावों में निर्णायक भूमिका निभाएगी।” पश्चिम बंगाल में भाजपा का यह सबसे बड़ा सियासी अभियान होगा, जिसमें दस हजार किलोमीटर की यात्रा की जाएगी।

कुल 40 दिन तक चलने वाली यह रथ यात्रा पश्चिम बंगाल की सभी 42 लोकसभा सीटों से होकर गुजरेगी। इसके लिए तीन वातानुकूलित बसों को सजाकर तैयार किया गया है, जिन पर बंगाल में जन्मी जानी मानी हस्तियों नेताजी सुभाष चंद्र बोस और स्वामी विवेकानंद की तस्वीरें लगाई गई हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के अलावा पार्टी के शीर्ष नेता राजनाथ सिंह, अरुण जेटली, नितिन गडकरी, निर्मला सीतारमण, रमन सिंह, योगी आदित्यनाथ, उमा भारती और गिरिराज सिंह यात्रा में हिस्सा लेंगे। मोदी यहां लोक सभा चुनाव के मद्देनजर यहां चार रैलियों को संबोधित कर सकते हैं।