Monday, February 19, 2018 - 3:28 PM

साहित्य

राष्ट्रीय साहित्य

पुस्तक समीक्षा- फ़ेक एनकाउंटर  लेखकः  डॉ. मुकेश कुमार प्रकाशकः  शिवना प्रकाशक, सम्राट कॉम्पलेक्स बेसमेंट, बस स्टैंड, सीहोर (म. प्र.) पृष्ठ संख्याः 312 मूल्यः 300 रु. साहित्य गंभीर होता ...
Comments Off on पाठकों को बाँधने की ग़ज़ब की टेक्नीक का इस्तेमाल किया है डॉ. मुकेश कुमार ने
दस्तक-विशेष साहित्य

जीवन सत्य है और मृत्यु उस सत्य का अंत। हम उम्र भर जिसे छाया या छलावा समझते रहते हैं, वास्तव में वही सच है, अंतिम सच। इस सच ...
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दस्तक-विशेष साहित्य

आपातकाल : स्वातंत्र्योत्तर भारतीय इतिहास का संक्रमण काल। एक निरंकुश सत्तालोलुप शासक द्वारा लोकतंत्र पर कुठाराघात और अधिनायकवादी व्यवस्था थोपने का काल। लाखों निरपराध नागरिकों के बिना किसी ...
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दस्तक-विशेष साहित्य

परितोष कुमार ‘पीयूष’ वो अजीब लड़की’ (कहानी संग्रह) प्रियंका ओम की पहली पुस्तक है। कुंठित मानसिकता के सारे ठिकानों पर धावा बोलती हुई, तमाम पोषित सामाजिक वर्जनाओं को ...
Comments Off on अंत: तक झकझोरती ही नहीं बल्कि सोचने पर विवश करती हैं कहानियां
दस्तक-विशेष राष्ट्रीय साहित्य

अबकी बार तो मुझे पक्का भरोसा है , निशा मौसी का नाम जरूर गिनीज बुक में दर्ज होगा . शाम को तलाक , रात होने से पहले सगाई ...
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दस्तक-विशेष साहित्य

एक नौका विस्तृत सागर में यूँ स्वयं को लहरों के हवाले कर देती है जैसे कोई अपने किसी परम मित्र पर विश्वास कर समस्यायों से लड़ने की हिम्मत ...
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दस्तक-विशेष साहित्य

-सुबह बिस्तर छोड़ते के उपरान्त, अमूमन जैसी कि दिनचर्या है, दैनन्दिन की क्रिया-प्रक्रिया से पहले मेरी आदत है, कम-अज-कम दो गिलास गुनगुना पानी पीना। सो इसी क्रम में ...
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साहित्य

रचना का जीवद्रव्य’ जितेन्द्र श्रीवास्तव की सद्य: प्रकाशित आलोचनात्मक पुस्तक है जिसमें कविता, कहानी, उपन्यास, गजल, संस्मरण, आत्मकथा की समीक्षाओं के साथ-साथ डायरी के नोट्स तथा व्याख्यान भी ...
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राष्ट्रीय साहित्य

प्रकृति का सिद्धांत है जो विपरीत परिस्थितियों के अनुसार अपने आप को ढाल पायेगा वही जीवित रहने का अधिकारी है , बाकी खल्लास . डार्विन ने भी बहुत पहले ...
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दस्तक-विशेष राष्ट्रीय साहित्य

पुस्तक-समीक्षा : रमेश नैयर पुस्तक ‘मोदी युग’ का शीर्षक देखकर प्रथम दृष्टया लगा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की स्तुति में धड़ाधड़ प्रकाशित हो रही पुस्तकों में एक कड़ी ...
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