<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये रानी &#8211; Dastak Times |  दस्तक टाइम्स</title>
	<atom:link href="https://dastaktimes.org/tag/%e0%a4%b8%e0%a4%82%e0%a4%ac%e0%a4%82%e0%a4%a7-%e0%a4%ac%e0%a4%a8%e0%a4%be%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%a6-%e0%a4%86%e0%a4%b6%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%82/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://dastaktimes.org</link>
	<description>By Dastak Times Hindi News Network</description>
	<lastBuildDate>Fri, 16 Nov 2018 16:30:13 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2024/01/cropped-DT-ICon-copy.png</url>
	<title>संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये रानी &#8211; Dastak Times |  दस्तक टाइम्स</title>
	<link>https://dastaktimes.org</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये महारानी</title>
		<link>https://dastaktimes.org/%e0%a4%b8%e0%a4%82%e0%a4%ac%e0%a4%82%e0%a4%a7-%e0%a4%ac%e0%a4%a8%e0%a4%be%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%a6-%e0%a4%86%e0%a4%b6%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%82-2/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Dastak Admin]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 16 Nov 2018 12:45:31 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[ज्ञान भंडार]]></category>
		<category><![CDATA[संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये रानी]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://dastaktimes.org/?p=228571</guid>

					<description><![CDATA[<img width="300" height="180" src="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI-300x180.jpg" class="webfeedsFeaturedVisual wp-post-image" alt="संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये महारानी" style="display: block; margin: auto; margin-bottom: 5px;max-width: 100%;" link_thumbnail="" decoding="async" srcset="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI-300x180.jpg 300w, https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI.jpg 640w" sizes="(max-width: 300px) 100vw, 300px" />आम तौर पर जब कोई लड़की या महिला अपने आशिक के साथ संबंध तभी बनाती है जब वह उसके साथ रिश्ता रखना चाहती है, लेकिन आज आपको एक ऐसी रानी की कहानी बता रहे हैं, जो संबंध बनाने के बाद अपने आशिकों को जिंदा जला देने के लिए जानी जाती है। जिस रानी के बारे &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<img width="300" height="180" src="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI-300x180.jpg" class="webfeedsFeaturedVisual wp-post-image" alt="संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये महारानी" style="display: block; margin: auto; margin-bottom: 5px;max-width: 100%;" link_thumbnail="" decoding="async" loading="lazy" srcset="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI-300x180.jpg 300w, https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI.jpg 640w" sizes="auto, (max-width: 300px) 100vw, 300px" /><p><strong>आम तौर पर जब कोई लड़की या महिला अपने आशिक के साथ संबंध तभी बनाती है जब वह उसके साथ रिश्ता रखना चाहती है, लेकिन आज आपको एक ऐसी रानी की कहानी बता रहे हैं, जो संबंध बनाने के बाद अपने आशिकों को जिंदा जला देने के लिए जानी जाती है। जिस रानी के बारे में बता करे हैं उनकी पहचान अफ्रीकी देश अंगोला की रानी एनजिंगा एमबांदी के तौर पर की जाती है।</strong></p>
<p><strong><a href="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI.jpg"><img loading="lazy" decoding="async" class="aligncenter size-full wp-image-228574" src="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI.jpg" alt="" width="640" height="385" srcset="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI.jpg 640w, https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI-KI-KAHANI-300x180.jpg 300w" sizes="auto, (max-width: 640px) 100vw, 640px" /></a>रानी एनजिंगा एमबांदी तेज दिमाग वाली रणनीतिकार होने के साथ-साथ एक बहादुर योद्धा के रूप में जानी जाती है, लेकिन इसके साथ ही उनकी पहचान एक क्रूर महिला के तौर पर भी की जाती है। ऐसा कहा जाता है कि रानी एनजिंगा अपने आशिकों के साथ यौन सम्बन्ध बनाने के बाद उन्हें जिंदा जलवा देती थी। वहीं रानी को क्रूर बताए जाने के पीछे एक बड़ी वहज यह भी है कि उनपर सत्ता के लिए अपने भाई तक को मरवा दिया था।</strong></p>
<p><strong>एनजिंगा एमबांदी नाम की यह महिला दक्षिण पश्चिम अफ़्रीकी देश एनदोंगो और मतांबा की रानी थीं, जिन्होंने 17वीं शताब्दी में उपनिवेशवाद के खिलाफ विद्रोह का ऐलान किया था। बता दें कि एनजिंगा को एनगोला नाम से भी जाना जाता है। बताया जाता है कि पुर्तगाली लोगों इस क्षेत्र में सोना और चांदी की तलाश में आते थे, और उन्होंने आक्रमण भी किया था। इस बीच पुर्तगाली हमले के करीब आठ साल बाद एनजिंगा एमबांदी का जन्म हुआ।</strong></p>
<p><strong>एनजिंगा एमबांदी अपने पिता किंग एमबांदी किलुंजी के साथ बचपन से ही हमलावरों के खिलाफ संघर्ष किया। आपको बता दें कि रानी और इनके राज्य को लेकर कई सारी कहानिया बताई जाती है। जिसमें से एक का जिक्र फ्रांसीसी फिलोस्फर ‘दे सादे’ ने एक किताब ‘द फ़िलॉसोफ़ी ऑफ़ द ड्रेसिंग टेबल’ में किया है। यह किताब इतालवी मिशनरी गिओवनी कावेज़ी की कहानियों पर आधारित है।</strong></p>
<p><strong><a href="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI1.jpg"><img loading="lazy" decoding="async" class="aligncenter size-full wp-image-228575" src="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI1.jpg" alt="" width="600" height="380" srcset="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI1.jpg 600w, https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/06/RANI1-300x190.jpg 300w" sizes="auto, (max-width: 600px) 100vw, 600px" /></a>किताब के हवाले से बताया जाता है कि कावेजी का दावा था कि एनजिंगा यौन सम्बन्ध बनाने के बाद अपने आशिकों को जिन्दा जलवा देती थी। बताया जाता है कि रानी को अपने हरम में रहने वाले मर्दों के साथ संबंध बनने होते थे, जिसके लिए मर्दों के आपस में तब तक लड़ना होता था जब किसी की मौत न हो जाये। इस लाड़ाई में जितने वाला रानी के साथ संबंध बनाता था जिसे बाद रानी जिंदा जलाव दिया करती थी।</strong></p>
<p><strong>रानी के हरम को चिबदोस के नाम से जाना जाता है, यहां रहने वाले मर्दों को महिलाओं के कपड़े पहनने होते थे। बताया जाता है कि कावेज़ी की कहानियां अलग-अलग लोगों के दावे पर आधारित हैं, जिसको लेकर जानकारों का मानना है कि इन कहानियों के कई सारे वर्जन हैं, जिनमें अलग-अलग तरह ही बाते बताई गई है।</strong></p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये रानी</title>
		<link>https://dastaktimes.org/%e0%a4%b8%e0%a4%82%e0%a4%ac%e0%a4%82%e0%a4%a7-%e0%a4%ac%e0%a4%a8%e0%a4%be%e0%a4%a8%e0%a5%87-%e0%a4%95%e0%a5%87-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%a6-%e0%a4%86%e0%a4%b6%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a5%8b%e0%a4%82/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Dastak Admin]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 30 May 2018 07:10:20 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[जीवनशैली]]></category>
		<category><![CDATA[संबंध बनाने के बाद आशिकों को जिंदा जला देती थी ये रानी]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://dastaktimes.org/?p=225205</guid>

					<description><![CDATA[इतिहास की किताबों में झांकें तो अफ्रीकी देश अंगोला की रानी एनजिंगा एमबांदी एक बहादुर और तेज दिमाग वाली योद्धा के रूप में नजर आएंगी, जिन्होंने 17वीं शताब्दी में अफ्रीका में यूरोपीय उपनिवेशवाद के खिलाफ जंग छेड़ी थी। लेकिन कुछ लोग उन्हें एक क्रूर महिला के रूप में भी देखते हैं, जिन्होंने सत्ता के लिए &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<section class="lead-gallery">
<div id="desc" class="image-caption-text caption"><strong>इतिहास की किताबों में झांकें तो अफ्रीकी देश अंगोला की रानी एनजिंगा एमबांदी एक बहादुर और तेज दिमाग वाली योद्धा के रूप में नजर आएंगी, जिन्होंने 17वीं शताब्दी में अफ्रीका में यूरोपीय उपनिवेशवाद के खिलाफ जंग छेड़ी थी।</strong></p>
<p><strong><a href="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/05/sex-ofter-death.png"><img loading="lazy" decoding="async" class="aligncenter size-full wp-image-225206" src="http://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/05/sex-ofter-death.png" alt="" width="726" height="490" srcset="https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/05/sex-ofter-death.png 726w, https://dastaktimes.org/wp-content/uploads/2018/05/sex-ofter-death-300x202.png 300w" sizes="auto, (max-width: 726px) 100vw, 726px" /></a>लेकिन कुछ लोग उन्हें एक क्रूर महिला के रूप में भी देखते हैं, जिन्होंने सत्ता के लिए अपने भाई को भी मौत के घाट उतार दिया। यहीं, नहीं वह अपने हरम में रहने वाले पुरुषों के साथ एक बार यौन संबंध बनाने के बाद उन्हें जिंदा जलवा देती थीं, लेकिन इतिहासकार एक बात पर राजी होते हैं और वह यह है कि एनिजिंगा अफ्रीका की सबसे लोकप्रिय महिलाओं में से एक हैं।</strong></div>
<div></div>
<div><strong>रानी या एनगोला</strong><br />
<strong>एमबांदू लोगों की नेता एनजिंगा दक्षिण पश्चिम अफ्रीकी देश एनदोंगो और मतांबा की रानी थीं। लेकिन स्थानीय भाषा किमबांदु में एनजिंगा को एनगोला कहा जाता था और यही वो शब्द था जिससे पुर्तगाली लोग इस शब्द को बुलाया करते थे, और ये आखिरकार इस क्षेत्र को अंगोला कहा जाने लगा। इस इलाके को ये नाम तब मिला जब पुर्तगाल के सैनिकों ने सोने और चांदी की तलाश में एनदोंगो पर हमला किया था।</strong></div>
<div>
<section class="lead-gallery">
<div></div>
<div id="desc" class="image-caption-text caption"><strong>पुर्तगाल के खिलाफ समझौतों की राजनीति</strong><br />
<strong>इसके बाद राजा एनगोला एमबांदी ने अपनी बहन के साथ सत्ता को बांटने का फैसला किया। पुर्तगाली मिशनरियों से पुर्तगाली भाषा सीखने वाली एनजिंगा एक बेहद प्रतिभाशाली रणनीतिकार थीं। ऐसे में जब एनजिंगा बातचीत का दौर शुरू करने के लिए लुआंडा पहुंची तो उन्होंने वहां पर काले, गोरे और कई संकर जातियों के लोगों को देखा। एनजिंगा ने ऐसा नजारा पहली बार देखा था लेकिन वो इसकी जगह किसी और चीज को देखकर आश्चर्यचकित रह गईं।</strong></p>
<p><strong>दरअसल, गुलामों को एक पंक्ति में खड़ा करके बड़े-बड़े जहाजों में ले जाया जा रहा था। कुछ ही सालों में लुआंडा अफ्रीका में सबसे बड़ा गुलामों का अड्डा बन गया, लेकिन जब वह पुर्तगाली गवर्नर जोआओ कोरिए डे सोउसा के साथ शांति वार्ता करने उनके दफ्तर पहुंची तो एनजिंगा के साथ जो व्यवहार किया गया उस पर इतिहासकारों ने टिप्पणियां की हैं, क्योंकि जब वह वहां पहुंची तो उन्होंने देखा कि पुर्तगाली आरामदायक कुर्सियों पर बैठे हुए हैं और उनके लिए जमीन पर बैठने की व्यवस्था की गई थी। </strong></p>
<p><strong>ये देखकर निजिंगा ने एक भी शब्द नहीं कहा और उनकी नजर के इशारे को देखते ही उनका एक नौकर कुर्सी के अंदाज में एनजिंगा के सामने बैठ गया, फिर निजिंगा उसकी पीठ पर बैठ गया और वह गवर्नर के बराबर ऊंचाई पर पहुंच गईं। एनजिंगा ने इस तरह ये बता दिया कि वह बराबरी के स्तर से बातचीत करने आई हैं। बातचीत के लंबे दौर के बाद दोनों पक्ष इस बात पर सहमत हो गए कि पुर्तगाली सेना एनदोंगो को छोड़कर चली जाएंगी और उनकी संप्रभुता को स्वीकार करेंगी।</strong></p>
<p><strong>लेकिन इसके बदले में एनजिंगा इस पर तैयार हुईं कि इस क्षेत्र को व्यापारिक रास्तों को बनाने के लिए खुला छोड़ा जाएगा। पुर्तगाल के साथ रिश्ते बेहतर करने के लिए एनजिंगा ने ईसाई धर्म भी स्वीकार किया जिसके बाद नया नाम एना डे सूजा धारण किया गया। इस वक्त उनकी उम्र 40 साल थी, लेकिन दोनों के बीच बेहतर रिश्ते ज्यादा देर तक नहीं चले और जल्द ही संघर्ष की शुरुआत हो गई।</strong></div>
<div></div>
<div><strong>जब एनजिंगा बनी रानी</strong><br />
<strong>साल 1624 में इनके भाई एक छोटे से द्वीप में जाकर रहने लगे। इसके बाद यहीं उनकी मौत हो गई। एनजिंगा की भाई की मौत को लेकर कई तरह की कहानियां हैं। कुछ लोग कहते हैं कि एनजिंगा ने अपने बेटे की हत्या का बदला लेने के लिए उन्हें जहर दिलवाया। वहीं, कुछ लोग उनकी मौत को आत्महत्या के रूप में भी देखते हैं। लेकिन इस सबके बीच में एमजिंगा एमबांदे ने पुर्तागालियों और कुछ अपने लोगों की चुनौतियों का सामना करते हुए एनदोंगों की पहली रानी बनने का कीर्तिमान बनाकर दिखाया।</strong></p>
<p><strong>अंगोला की नेशनल लाइब्रेरी के निदेशक जाओ पेड्रो लॉरेंको के मुताबिक, अफ्रीका में बीते कई युगों से जारी महिलाओं के शोषण के खिलाफ एनजिंगा एमबांदे एक मुखर आवाज की तरह हैं।&#8221; वह कहते हैं, &#8220;उनकी तरह ही कई और हस्तियां हैं जो हमें ये समझने में मदद करते हैं कि अफ्रीका में सत्ता के ढांचे में फिट रहने के बावजूद महिलाओं ने इस महाद्वीप के विकास में योगदान दिया है।&#8221;</strong></p>
<p><strong>कुछ सूत्र कहते हैं कि एनजिंगा का अंदाज एक रानी के मुताबिक क्रूरता से भरा था। उदाहरण के लिए, इमबांगाला योद्धाओं की मदद लेना जो राज्य की सीमा पर रहते थे ताकि अपने प्रतिद्वंद्वियों को डराकर अपनी स्थिति को मजबूत किया जा सके। कई सालों तक अपने राज्य का नेतृत्व करने के बाद एनजिंगा ने अपने पड़ोसी राज्य मुतांबा पर अधिकार कर लिया। इसके साथ ही अपनी सीमाओं की भी ढंग से हिफाजत की।</strong></p>
<p><strong>ब्राजीली और पुर्तगाली लेखिका जोस एडुआर्डो अगुआलुसा कहते हैं, &#8220;क्वीन एनजिंगा युद्ध भूमि में एक महान योद्धा ही नहीं बल्कि एक महान रणनीतिक और राजनयिक थे।&#8221; &#8220;वह पुर्तगालियों के खिलाफ लड़ी और डचों के साथ दोस्ती की। वहीं, जब दूसरे राज्यों से संघर्ष होता था तो वह पुर्तगालियों से मदद ले लेती थीं।&#8221;</strong></div>
<div></div>
<div><strong>सेक्स स्लेव से जुड़ी कहानी</strong><br />
<strong>फ्रांसीसी दार्शनिक मार्किस दे सादे ने इतालवी मिशनरी गिओवनी कावेजी की कहानियों पर आधारित एक किताब &#8216;द फिलॉसोफी ऑफ द ड्रेसिंग टेबल&#8217; लिखी है। कावेजी ने दावा किया था कि एनजिंगा अपने आशिकों को साथ सेक्स करने के बाद जलाकर मार देती थी।</strong></p>
<p><strong>रानी एनजिंगा के हरम को चिबदोस कहा जाता था और इसमें रहने वाले पुरुषों को पहनने के लिए महिलाओं के कपड़े दिए जाते थे। यही नहीं, जब रानी को अपने हरम में मौजूद किसी पुरुष के साथ सेक्स करना होता था तो हरम के लड़कों को आपस में मौत होने तक लड़ना होता था।</strong></p>
<p><strong>लेकिन जीतने वाले को जो मिलता था वो और भी ज्यादा खतरनाक होता था। दरअसल, ये होता था कि इन पुरुषों को सेक्स के बाद जलाकर मार दिया जाता था। हालांकि, ये माना जाता है कि कावेजी की कहानियां दूसरे लोगों के दावों पर आधारित हैं। ऐसे में इतिहासकार मानते हैं कि इसके कई और वर्जन भी मौजूद हैं।</strong></div>
</section>
</div>
</section>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>

<!--
Performance optimized by W3 Total Cache. Learn more: https://www.boldgrid.com/w3-total-cache/?utm_source=w3tc&utm_medium=footer_comment&utm_campaign=free_plugin

Page Caching using Disk: Enhanced 

Served from: dastaktimes.org @ 2026-07-02 05:55:51 by W3 Total Cache
-->