एक देश में दो विधान, दो निशान और 2 प्रधान नहीं चलेंगे : अमित शाह

मुम्बई : गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि आर्टिकल 370 की वजह से कश्मीर पूरी तरह से भारत के साथ नहीं जुड़ा था, साथ ही देश की एकता में भी बाधा रही है। उन्होंने कहा कि एक देश में दो विधान, दो निशान और 2 प्रधान नहीं चलेंगे। ये जनसंघ से लेकर आजतक हमारा नारा रहा। शाह ने कहा कि इसी नारे के साथ डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी कश्मीर गए, उस समय वहां जाने के लिए परमिट की जरुरत पड़ती थी लेकिन वो बिना परमिट के गए। उन्हें शेख अब्दुल्ला द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया और वहीं संदिग्ध परिस्थितयों में उनकी मृत्यु हो गई। शाह ने कहा कि 370 हटना भाजपा के लिए राजनीतिक मुद्दा नहीं है, भारत मां को एक और अखंड बनाने का संकल्प है जो मोदी जी ने पूरा किया है।

कांग्रेस को इसमें राजनीति दिखाई देती है और हमें इसमें देशभक्ति दिखती है। रविवार को महाराष्ट्र में एक जनसभा को संबोधित करते हुए शाह ने कहा कि जब यहां आने का मेरा कार्यक्रम तय हुआ तो, उस समय न मुझे मालूम था और न ही पार्टी को कि जब ये कार्यक्रम होगा तो महाराष्ट्र चुनाव की घोषणा के बाद होने वाला सबसे पहला कार्यक्रम होगा। ये हर्ष का विषय है कि महाराष्ट्र चुनाव का श्रीगणेश अनुच्छेद 370 को हटाने के परिचय के कार्यक्रम से हो रहा है। शाह ने कहा कि हम अनुच्छेद 370 और 35ए को हटाने के लिए समर्पित कार्यकर्त्ता रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के साहस और हौसले के कारण इस बार संसद के पहले ही सत्र में अनुच्छेद 370 को उखाड़ कर फेंक दिया गया। मैं गर्व से कह सकता हूं कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और अब वहां अनुच्छेद 370 नहीं है।