भारत में भ्रष्टाचार, परिवारवाद, ट्रिपल तलाक की जगह नहीं : पेरिस में प्रधानमंत्री मोदी

पेरिस : सेवेन समिट जी में फ्रांस की राजधानी पेरिस में हिस्सा लेने पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को यूनेस्को में भारतीयों को सम्बोधित किया। कार्यक्रम में शामिल होने के लिए जैसे ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्टेज पर पहुंचे, लोगों ने मोदी-मोदी के नारे लगाना शुरू कर दिया। इस दौरान लोगों को काफी समझाने की कोशिश की गई, लेकिन लोग लगातार मोदी-मोदी के नारे लगाते रहे। इसके बाद पीएम मोदी ने खुद कहा कि पहले राष्ट्रगान होगा। इसके बाद लोग शांत हो गए। कश्मीर मुद्दे और अनुच्छेद 370 पर इशारा करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अब देश में टेंपरेरी की कोई जगह नहीं है, गांधी और बुद्ध के देश में टेंपरेरी को निकालते-निकालते 70 साल चले गए। मुझे यह समझ मेंं नहींं आ रहा है कि इस पर हंसना है या रोना। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत और फ्रांस की दोस्ती का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों देश अच्छे दोस्त हैं। दोनों देशों की दोस्‍ती मित्रता से भी ऊपर है। अच्छे दोस्त का मतलब होता है सुख- दुख का साथी। साथ ही दोनों देशों की दोस्ती पर उन्होंने कहा कि फ्रांस के फुटबॉल में वर्ल्ड चैंपियन बनने पर भारत ने भी जमकर जश्न मनाया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों को जन्माष्टमी की बधाई दी। उन्होंने आगे कहा कि मुझे बताया गया है कि गणपति महोत्सव पेरिस के की मुख्य विशेषता बन गया है। अब से कुछ दिनों में लोग यहां गणेश चतुर्थी मनाएंगे और पेरिस की सड़कें गणपति मोरया से गूंजेंगी। उन्होंने फ्रांस में बसे भारतीयों को उनके योगदान के लिए सराहा। उन्होंने पहले विश्व युद्ध का जिक्र करते हुए नरेन्द्र मोदी ने कहा कि नौ हजार भारतीय सैनिकों ने जान दी थी। यहां रहने वाले हर भारतीय को ये आंकड़ा नहीं भूलना चाहिए।

फासीवाद का मुकाबला भारत और फ्रांस ने साथ-साथ किया है। भारत और फ्रांस आज सोलर से लेकर कई अन्य क्षेत्रों में एक साथ आगे बढ़ रहे हैं। पीएम मोदी ने कहा कि नए भारत में भ्रष्टाचार, तीन तलाक और भाई भतीजावाद के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने इस पर रोक लगा दी है। संबोधन के दौरान पीएम मोदी के नाम के नारे लगता रहे। लोगों ने नारे लगाते हुए कहा कि एक बार फिर मोदी सरकार। पीएम ने कहा कि हमें जनादेश सिर्फ सरकार चलाने के लिए नहीं मिला बल्कि लोगों की सेवा करने के लिए मिला है। उन्होंने ये भी कहा कि नेता वादा कर भूल जाते हैं। मैं उस बिरादरी का नहीं हूं। साथ ही उन्होंने पेरिस में विमान हादसों में जान देने वालों को श्रद्धांजलि भी दी। नई सरकार को बने अभी ज्यादा दिन नहीं हुए है। हमने समय बर्बाद नहीं किया और कई बड़े फैसले लिए। सरकार बनने के साथ जल शक्ति नाम का नया मंत्रालय बना दिया गया, जो जल समस्या संबंधित समस्याओं का समाधान करेगा। आज अगर भारत और फ्रांस दुनिया के बड़े खतरों से लड़ने में नजदीकी सहयोग कर रहे हैं तो उसका कारण भी यह साझा मूल्य ही है। फिर चाहे वह आतंकवाद हो या जलवायु परिवर्तन। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के मूल्यों को इन खतरों से बचाने की हमारी साझा जिम्मेदारी है। दोनों ही देशों ने इसे भली भांति से स्वीकार भी किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दौरे के दूसरे दिन सबसे पहले को फ्रांस के प्रधानमंत्री एडवर्ड चार्ल्स फिलिप से भी मुलाकात की। इससे पहले गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों ने मुलाकात की थी। दोनों के बीच द्वपक्षीय वार्ता भी हुई थी।