शेन वॉटसन के पैर से निकल रहा था खून, फिर भी की बल्लेबाजी, लेकिन…

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नई दिल्ली: 12 मई 2020 को जहां दुनिया के किसी भी कोने में क्रिकेट का खेल नहीं हो रहा। वहीं, 12 मई 2019 को यानी ठीक एक साल पहले हैदराबाद के राजीव गांधी इंटरनेशनल स्टेडियम दर्शकों से खचाखच भरा हुआ था। दरअसल, उस दिन यानी आज ही के दिन पिछले साल इंडियन प्रीमियर लीग यानी आइपीएल का फाइनल मुकाबला खेला जा रहा था, लेकिन इस साल आइपीएल होगा भी या नहीं? इस पर कोरोना वायरस के कारण संशय छाया हुआ है।

IPL 2019 का फाइनल मुकाबला 12 मई को हैदराबाद में तीन-तीन बार की आइपीएल चैंपियन टीम मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच खेला जा रहा था। एक तरफ कप्तान रोहित शर्मा थे तो वहीं दूसरी तरफ कप्तान महेंद्र सिंह धौनी थे। इतिहास रचा जाना था, क्योंकि दोनों टीमें 3-3 खिताब जीत चुकी थीं। ऐसे में जो टीम आइपीएल के 12वें सीजन का खिताब जीतती वो आइपीएल के इतिहास की सबसे सफल टीम बनती, जो कि अब मुंबई इंडियंस है।

इस खिताबी मुकाबले में मुंबई इंडियंस के कप्तान रोहित शर्मा ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी और स्कोर बोर्ड पर 149 रन लगा दिए। चेन्नई की टीम को 150 रनों के लक्ष्य का पीछा करना था। सीएसके को सलामी बल्लेबाज फाफ डुप्लेसिस और शेन वॉटसन ने अच्छी शुरुआत दी, लेकिन इसके बाद विकेट गिरते चले गए, लेकिन एक छोर पर ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज शेन वॉटसन डटे रहे। वॉटसन ने 59 गेंदों में 80 रनों की तूफानी पारी खेली।

चेन्नई सुपर किंग्स को शेन वॉटसन आइपीएल का चौथा खिताब जिताने ही वाले थे कि वे आखिरी ओवर की चौथी गेंद पर रन आउट हो गए। इसके बाद आखिरी ओवर की दो गेंदों पर काफी कुछ ड्रामा देखने को मिला, क्योंकि अब यहां से धौनी की टीम को जीत के लिए 2 गेंदों 4 रन बनाने थे। शार्दुल ठाकुर ने लसिथ मलिंगा के ओवर की पांचवीं गेंद पर 2 रन दौड़ लिए। अब यहां से सीएसके को मैच जीतने के लिए 2 रन चाहिए थे, जबकि मुंबई की टीम को 2 रन बचाने थे।

कप्तान रोहित शर्मा और तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने लसिथ मलिंगा को कहा कि उनको आखिरी गेंद स्लोअर डालनी है, जिससे कि रन बच जाए या फिर विकेट निकल जाए। मलिंगा ने कप्तान के कहे अनुसार शार्दुल ठाकुर को स्लोअर गेंद डाल दी जिस पर वे चूक गए और विकेट के सामने पाए जाने की वजह से वे lbw आउट हो गए। इसी के साथ मुंबई की टीम आइपीएल 2019 का फाइनल 1 रन से जीत गई और चार आइपीएल खिताब जीतने वाली पहली टीम बन गई।

खून से लथपथ था वॉटसन का पैर

आखिरी तक चेन्नई सुपर किंग्स के लिए लड़ते रहे शेन वॉटसन की क्रिकेट के प्रति जुनून का खुलासा उस समय हुआ जब उसी रात चेन्नई की टीम के स्पिनर हरभजन सिंह ने एक बड़ा खुलासा किया। 80 रन की नायाब पारी खेलने वाले शेन वॉटसन रन लेने और अपना विकेट बचाने के चक्कर में अपना पैर जख्मी कर बैठे थे। उन्होंने इस चोट के बारे में किसी को नहीं बताया था। यहां तक कि मैच के दौरान भी किसी को मालूम नहीं हुआ था।

शेन वॉटसन अपनी टीम के लिए लड़ते रहे और बाद में देखा तो पता चला कि उनका बाएं पैर का पैड और घुटना पूरी तरह से खून से लथपथ था। हरभजन सिंह के मुताबिक, शेन वॉटसन को घुटने में 6 टांके लगे थे। हरभजन ने उस समय अपने इंस्टाग्राम स्टोरी में वॉटसन की तस्वीर शेयर की थी और लिखा था, “क्या आप उनके घुटने से बहता खून देख सकते हैं…मैच के बाद उनके पैर में 6 टांके आए। डाइव लगाते वक्त वॉटसन चोटिल हो गए थे और उन्होंने किसी को बताए बिना बल्लेबाजी जारी रखी।”

शेन वॉटसन ही सीएसके की टीम के वे अकेले शख्स थे, जिन्होंने आइपीएल 2019 फाइनल में शानदार बल्‍लेबाजी की थी। चेन्‍नई सुपर किंग्स को खिताबी जीत के करीब पहुंचाने वाले दाएं हाथ के बल्‍लेबाज शेन वॉटसन ने 8 चौकों और 4 छक्कों की मदद से 59 गेंदों में 80 रन की दमदार पारी खेली थी, लेकिन दुर्भाग्‍य से वे आखिरी समय पर रन आउट हो गए और फिर टीम को एक रन से हार का सामना करना पड़ा।