ग्रहण के दिन भूलकर भी अपने पास न रखें कोई धारीदार हथियार-चाकू, रहें मंत्र जाप

ज्योतिष गणना के अनुसार, आने वाले महीनों में तीन ग्रहण लगने वाले हैं। इनमें से एक सूर्य ग्रहण और एक चंद्र ग्रहण जून में लगेंगे। वहीं तीसरा चंद्र ग्रहण जुलाई में लगेगा। जानकारी के अनुसार पांच जून से पांच जुलाई तक कुल तीन ग्रहण पड़ने जा रहे हैं। ज्योतिषियों की इन तीनों ग्रहण को लेकर अच्छी राय नहीं है।

यूं कहें कि ज्योतिषी इन ग्रहण को शुभ नहीं मान रहे हैं। पांच जून से लेकर पांच जुलाई के बीच दो चंद्र और एक सूर्य ग्रहण है। ज्योतिष विद्वानों का मानना है कि जब भी एक माह में दो से अधिक ग्रहण होते हैं तो परिणाम शुभ नहीं होता है।

5 जून को चंद्र ग्रहण जो वर्ष 2020 का दूसरा चंद्र ग्रहण है। इससे पहले 10 जनवरी को चंद्र ग्रहण लगा था। वहीं 21 जून को सूर्य ग्रहण और इसके बाद 5 जुलाई को चंद्र ग्रहण लगेगा। ज्योतिषशास्त्रियों का दावा है कि एक महीने में तीन ग्रहण अशुभ तो हैं ही, साथ ही प्रलय के संकेत भी दे रहे हैं।

ग्रहण में सूतक का पालन तो करना ही चाहिए। इसके अलावा इन ग्रहण के दौरान अपने पास किसी भी प्रकार का धारदार हथियार, चाकू, असलाह आदि न रखें। जहां तक हो सके ऐसी वस्तुओं से दूरी बनाए रखें। ग्रहण के दौरान ज्यादा से ज्यादा समय मंत्र जाप करें। ग्रहण के बाद स्नान दान करें। इससे ग्रहण का दुष्प्रभाव कम होगा।

क्यों है भयंकर विपदा के संकेत
एक मास में तीन ग्रहण के साथ ही सूर्य, मंगल  व गुरु ग्रहों का परिवर्तन व वक्री होने की वजह से भयंकर आपदा के संकेत मिल रहे हैं। इन ग्रहण की वजह से कहा जा रहा हैं कि  प्राकृतिक आपदा, जल प्रलय, विश्व स्तर पर युद्ध किसी राजनेता की हत्या जैसी घटनाएं घट सकती हैं। प्राकृतिक आपदाओं जैसे अत्याधिक वर्षा, समुद्री चक्रवात, तूफान, महामारी आदि से जन-धन की हानि का खतरा है।

भारत, पाकिस्तान, श्रीलंका और बांग्लादेश को जून के अंतिम माह और जुलाई में भयंकर वर्षा की आशंका है। इस साल मंगल जल तत्व की मीन राशि में पांच माह तक बैठेंगे। ऐसे में वर्षा असामान्य रूप से अत्यधिक होगी और महामारी का भय रहेगा। शनि, मंगल और गुरु इन तीनों ग्रहों के प्रभाव से विश्व में आर्थिक मंदी का असर बना रहेगा।

5 जून चंद्र ग्रहण

5 जून को लगने वाला चंद्रग्रहण भारत समेत यूरोप,एशिया, अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया महाद्वीप में दिखाई देगा। यह चंद्र ग्रहण 5 जून की रात 11:15 बजे से शुरू होकर और 6 जून 2:34 बजे तक रहेगा। यह चंद्र ग्रहण वृश्चिक राशि और ज्येष्ठ नक्षत्र में लग रहा है। पांच जून रात 12:54 बजे पूर्ण चंद्रग्रहण होगा। इसकी कुल अवधि 3 घंटे 15 मिनट की होगी।