स्पोर्ट्स
क्रिकेट में धन वर्षा, भारत को गौरवान्वित करने वाला क्रिकेटर बेंच रहा कचौरियां

व
डोदरा। भारतीय क्रिकेट में एक तरफ जहां धन वर्षा हो रही है तो वहीं दूसरी ओर एक स्टार भारतीय क्रिकेटर को अपना पेट पालने के लिए मूंग की कचौरियां बेचने को मजबूर होना पड़ा रहा है।

जी हां! यह क्रिकेटर कोई और नहीं बल्कि वर्ल्ड कप में टीम इंडिया का प्रतिनिधित्व करना वाले 30 वर्षीय इमरान शेख हैं। दरअसल, गुरजरात राज्य से संबंध रखने वाले शेख मूक बधिर है और इसी श्रेणी में उन्होंने टीम को वर्ल्ड चैंपियन बनाया था।
उसकी इस उपलब्धि को सरकार ने भी भूला दिया। नतीजन उसे आजीविका के लिए वड़ोदरा की ओल्ड पदरा रोड पर कचौरियां बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है।
अखबार के मुताबिक, शेख ने इस साल अप्रैल में भी एशिया कप टी-20 टूर्नामेंट के लिए भारतीय मूक बधिर टीम का प्रतिनिधित्व किया था।
एक अंग्रेजी अखबार से संकेतों के जरिए बातचीत में इमरान शेख ने कहा, क्रिकेट मेरा पैशन है। मैं आगे भी खेलना चाहता हूं। लेकिन मेरी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है।
मूक-बधिक क्रिकेट में उतना पैसा नहीं है। इसलिए मैंने कचौरी बेचने का फैसला किया है। मेरी बीवी रोजा इसमें सहयोग करती है। मेरे कोच नित्येंद्र सिंह के प्रयासों से मुझे गुजरात रिफाइनरी में अस्थायी नौकरी मिली है।
बता दें कि 6 फीट लंबे इमरान शेख ने 15 साल की उम्र के क्रिकेट खेलना शुरू किया था। इमरान टीवी पर मैच देखते और मैदान पर जाकर जमकर प्रैक्टिस करते। इसी दौरान उनकी नित्येंद्र सिंह से हुई, जिन्होंने मेरी प्रतिभा को निखारा और विश्व स्तर पर खेलने लायक बनाया।