कल से मुंबई-गोवा के बीच दौड़ेगी ये खूबसूरत ट्रेन

नई दिल्ली : दुनिया के कई देशों में ट्रांसपैरेंट यानी पारदर्शी छत वाली ट्रेन दौड़ती तो आपने देखी ही होगी। कई फिल्मों की शूटिंग भी ऐसी ट्रेनों में हुई है। हाल ही में विशाखापत्तनम-किरांदुल रूट पर ऐसी ही ट्रेन शुरू की गई थी। पारदर्शी छत वाली इस ट्रेन से प्रकृति के खूबसूरत नजारे आराम से देखे जा सकते हैं। अब ऐसी ही एक और ट्रेन मुंबई से गोवा के बीच चलने जा रही है।
कल से आप मुंबई और गोवा के बीच इन कोचों से लैस ट्रेन में सफर कर सकते हैं। आपको बता दें कि हाल ही में भारतीय रेलवे ने विस्टाडोम कोच तैयार किए थे। इन कोचों में शीशे की खिड़कियां बनी हैं जो पारंपरिक ट्रेन की खिड़कियों से कई गुना अधि बड़ी हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए इसमें LCD स्क्रीन के साथ-साथ घूमने वाली कुर्सियां लगी हुई हैं।
40 सीट वाले एक कोच की कीमत करीब 3.38 करोड़ रुपए है इसमें लगी सीटें 360 डिग्री तक घूम सकती है। कल से ऐसे कोचों से लैस मुंबई-गोवा जनशताब्दी में देखने को मिलेंगे। फिलहाल दादर से मडगांव के बीच चलने वाली इस ट्रेन में कोच फिट किए गए हैं। अंतिम कोच की जगह पैट्री कार लगाई गई है।
क्या है खास : –
– कोच की छत पर कांच लगा है और इसके दरवाजे मेट्रो की तरह सरकने वाले हैं।
– विस्टाडोम कोच की सीटें रोटेटेबल हैं, यानी आप उन्हें अपनी इच्छानुसार 360 डिग्री तक घुमा सकेंगे।
– सीटों का रंग शताब्दी जैसी ट्रेनों के जैसा रखा गया है। कोच के भीतर एलईडी लाइट्स रोशनी करेंगी।
– विस्टाडोम कोचों में मनोरंजन का भी इंतजाम होगा।
– इनमें ऑब्जर्वेशन लाउंज होगा जहां से बाहर का खूबसूरत नजारा लिया जा सकेगा। इसके अलावा इंफोटेनमेंट सिस्टम होगा, जिसमें आप फिल्में देख पाएंगे।
– अप्रैल 2017 में यह कोच पहले विशाखापत्तनम-किरांदुल ट्रेन में लगाया गया था, जिसका उद्धाटन तत्कालीन रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने किया था।
– विस्टाडोम कोच पूरी तरह एसी से लैस है और इसे खासतौर पर डिजाइन किया गया है।