
लखनऊ (दस्तक ब्यूरो)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने समाजवादी पार्टी (सपा) सरकार को किसान विरोधी बताते हुए सोमवार को कहा कि मिल मालिकों के सर्मथन में खड़ी अखिलेश सरकार किसानों के उत्पीड़न पर उतारू है। प्रदेश प्रवक्ता विजय बहादुर पाठक ने कहा कि गन्ना मूल्य के पिछले वर्ष के लगभग 2००8 करोड़ रुपये बकाये का दंश झेल रहे गन्ना किसानों से इस वर्ष भी 2472 करोड़ रुपये का गन्ना खरीदा गया लेकिन खरीदे गए गन्ने के बदले किसानों को केवल 12 करोड़ रुपये ही दिए गए। पाठक ने कहा कि अखिलेश सरकार ने यह दावा किया था कि किसानों को दो किस्तों में भुगतान की सहूलियत के साथ ही 26० रुपये प्रति क्विंटल का भुगतान तुरंत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अखिलेश सरकार की किसान विरोधी नीतियों के कारण परेशान किसान आत्महत्या कर रहे हैं। पिछले दिनों तो मुजफ्फरनगर के एक चीनी मिल पर विवाद में एक किसान को अपनी जान भी गंवानी पड़ी। पाठक ने कहा कि एक तो पेराई सत्र देर से शुरू होने के कारण वैसे ही किसान परेशान हैं अब जब मिलें चलीं तो गन्ना पर्चियों में धांधली हो रही है। जिन किसानों को गेहूं की बुआई करनी थी उन्हें खेत खाली करने की जल्दी है। उसी का लाभ उठा गन्ना पर्चियों में भी धांधली की जा रही है। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि अखिलेश सरकार यह सुनिश्चित करे कि किसानों के गन्ना मूल्य का भुगतान होगा। जिस तरह के आंकड़े आए हैं कि 2472 करोड़ के गन्ना खरीद पर केवल 12 करोड़ रुपये का भुगतान गन्ना किसानों को किया गया यह चिंताजनक है।