सूरत। गुजरात के सूरत में गोपी कला उत्सव देखने गई 12 साल की लड़की देरी से घर लौटी। परिजनों की डांट से बचने के लिए लड़की ने खुदके अपहरण और बाद में नशीली दवा खिलाकर छेड़छाड़ करने की झूठी कहानी गढ़ दी। दो युवकों के खिलाफ परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस जांच में इसका खुलासा हुआ।
क्राइम पेट्रोल के किसी एपिसोड जैसी लगती है लड़की की शिकायत
लड़की ने दो युवकों के खिलाफ शिकायत में बताया कि, ‘DMK अस्पताल के पास दो लोगों ने मुझे जबरदस्ती ऑटो में बैठा लिया। जब मैंने मदद के लिए चिल्लाना शुरू किया तो किडनैपर्स ने उसका मुंह दबा दिया। फिर वो मुझे आंख पर पट्टी बांधकर एक रूम में ले गए जहां उन्होंने मुझे जबरदस्ती एक टैबलेट खिला दी। लड़की ने अपने घरवालों को कहा कि, टैबलेट निगलने के बाद मैं बेहोश हो गई। जब मुझे होश आया तो मेरे कपड़े प्रॉपर प्लेस पर नही थे। बाद में मैं वहां से भाग निकली।’
स्कूल से अपने दोस्त के साथ कार्निवल गई थी लड़की
पुलिस जांच में सामने आया कि 7वीं क्लास में पढ़ने वाली लड़की स्कूल से घर नहीं लौटी। स्कूल से अपने घर के नजदीक गोपी लेक घूमने चली गई। वहां से 8:30 बजे घर लौटी। लड़की ने पुलिस को बताया कि जब वो मेले में घूम रही थी तो उसके पड़ोसी ने उसे देख लिया। पड़ोसी के डर से उसने ये झूठी कहानी बनाई। आगे पढ़ें सीसीटीवी फुटेज में सामने आई सच्चाई…
सीसीटीवी फुटेज में अपने दोस्त के साथ जाती दिखी लड़की
अठवा पुलिस स्टेशन के सब इंस्पेक्टर एसडी सालुंके ने बताया कि, देर तक घर से बाहर रहने की ठोस वजह देने के लिए लड़की ने ऐसा किया। परिजनों ने इसकी पुलिस शिकायत भी की। पुलिस ने उस जगह का सीसीटीवी फुटेज चैक किया जिसमें वह अपने स्कूली दोस्त के साथ गोपी लेक जाती दिखी। जब पुलिस ने लड़की और उसके दोस्त को साथ बैठाकर पूछताछ की तो लड़की ने झूठ बोलने की बात मान ली।