राष्ट्रीय

Announcement : पैक्स सिलिका समझौते पर भारत ने किए हस्ताक्षर

एआई-सप्लाई चेन सुरक्षा से जुड़ा है ट्रंप का प्रयास

नई दिल्ली : भारत ने शुक्रवार को औपचारिक रूप से अमेरिका की अगुवाई वाली पहल ‘पैक्स सिलिका’ में शामिल होने के लिए हस्ताक्षर किए हैं। यह पहल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और सप्लाई चेन (आपूर्ति श्रृंखला) सुरक्षा को मजबूत करने के लिए बनाई गई है। वहीं इस हस्ताक्षर के बाद ट्रंप सरकार में मंत्री जैकब हेलबर्ग ने कहा, पैक्स सिलिका इस बात की घोषणा है कि भविष्य उन्हीं का है जो निर्माण करते हैं और जब स्वतंत्र लोग एकजुट होते हैं। इस घोषणा में कहा गया है कि एआई भविष्य की सबसे बड़ी ताकत है और सुरक्षित सप्लाई चेन किसी भी देश की आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए जरूरी है।

क्या है पैक्स सिलिका
यह अमेरिकी विदेश विभाग की प्रमुख पहल है। इसका मकसद एआई तकनीक को सुरक्षित तरीके से विकसित करना, महत्वपूर्ण सामान और संसाधनों की सप्लाई चेन को भरोसेमंद बनाना और सहयोगी देशों के बीच आर्थिक सुरक्षा बढ़ाना है। इस पहल की घोषणा में कहा गया है कि मजबूत सप्लाई चेन आर्थिक सुरक्षा के लिए बहुत जरूरी है। एआई भविष्य की समृद्धि और विकास की सबसे बड़ी ताकत बनेगा।

घोषणा पर किन देशों ने किया हस्ताक्षर
इस घोषणा पर हस्ताक्षर करने वाले देशों में ऑस्ट्रेलिया, जापान, दक्षिण कोरिया, ब्रिटेन, यूएई, सिंगापुर, इस्राइल, कतर और ग्रीस शामिल हैं। जबकि कनाडा, यूरोपीय संघ, नीदरलैंड्स और ताइवान जैसे देश इसमें भागीदार के रूप में जुड़े हैं।अमेरिका के आर्थिक मामलों के अंडर सेक्रेटरी जैकब हेलबर्ग 20 से 21 फरवरी तक भारत दौरे पर हैं। वे एआई सम्मेलन में भाग लेंगे, भारत-अमेरिका टेक्नोलॉजी साझेदारी मजबूत करेंगे और एआई एक्सपोर्ट प्रोग्राम का नया चरण शुरू करेंगे।

Related Articles

Back to top button