ग्रीनलैंड विवाद और ट्रंप की टैरिफ धमकी से बाजारों में हलचल, भारतीय शेयर मार्केट भी प्रभावित !

वाशिंगटन : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ग्रीनलैंड को लेकर एक बार फिर वैश्विक राजनीति और बाजारों में हलचल मचा दी है। ट्रंप ने संकेत दिए हैं कि यदि ग्रीनलैंड मुद्दे पर सहयोग नहीं मिला तो अमेरिका नाटो के कुछ यूरोपीय देशों पर भारी टैरिफ लगा सकता है। इस संभावित फैसले का असर सिर्फ अमेरिका और यूरोप तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका प्रभाव सोना-चांदी की कीमतों से लेकर भारतीय शेयर बाजार तक दिख सकता है। भारतीय शेयर बाजार में निकट भविष्य में अस्थिरता देखने को मिल सकती है। हालांकि, लंबी अवधि में भारत के लिए नए व्यापारिक अवसर भी उभर सकते हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने डेनमार्क समेत नाटो के कई सदस्य देशों पर टैरिफ लगाने की बात कही है। ग्रीनलैंड डेनमार्क का स्वायत्त क्षेत्र है और पहले भी ट्रंप इसे खरीदने की इच्छा जता चुके हैं। अब इस मुद्दे को लेकर व्यापारिक दबाव बनाने की रणनीति अपनाई जा सकती है। अगर यह टैरिफ लागू होते हैं, तो वैश्विक व्यापार तनाव बढ़ना तय माना जा रहा है।
भू-राजनीतिक तनाव बढ़ते ही निवेशक सुरक्षित निवेश की ओर रुख करते हैं। ऐसे में सोना और चांदी हमेशा पहली पसंद बनते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप की टैरिफ धमकी से वैश्विक अनिश्चितता बढ़ेगी, जिससे सोने और चांदी की कीमतों में तेजी आ सकती है। डॉलर में कमजोरी आने की स्थिति में भी कीमती धातुओं को समर्थन मिलता है। भारत में भी इसका असर दिख सकता है और घरेलू बाजार में सोना-चांदी महंगे हो सकते हैं।
ट्रंप के टैरिफ ऐलान से अगर यूरोप और अमेरिका के बीच व्यापारिक तनाव बढ़ता है, तो इसका असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ेगा। विशेषज्ञों के अनुसार, अल्पकाल में भारतीय बाजारों में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है। खासकर आईटी, मेटल, ऑटो, फार्मा, टेक्सटाइल और जेम्स-ज्वेलरी जैसे सेक्टरों पर दबाव आ सकता है, जो वैश्विक व्यापार और निर्यात पर काफी हद तक निर्भर हैं।



