अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दिया झटका, अब अमेरिका में नौकरी नहीं कर सकेंगे पति-पत्नी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार एच-1बी वीजा होल्डर के लिए नियम कड़े करने में जुटे हैं. इसी दिशा में उन्होंने अब एक और कड़ा कदम उठाने की तैयारी कर ली है. ट्रंप सरकार एच1-बी वीजा होल्डर के स्पाउस (जीवनसाथी) के लिए अमेरिका में कानूनी तौर पर काम करने पर रोक लगाने की तैयारी कर रही है. इस फैसले का सबसे ज्यादा असर भारतीयों पर पड़ेगा. अमेरिका की संघीय एजेंसी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने लॉ मेकर्स को इसकी जानकारी दी है. इस नए नियम का असर 70 हजार से ज्यादा एच-4 वीजा होल्डर पर पड़ सकता है. जिन्हें यहां वर्क परमिट मिला हुआ है.
ओबामा ने लागू की थी व्यवस्था
एच-4 वीजा, एच-1बी वीजा होल्डर्स के जीवनसाथी को जारी किया जाता है. इन वीजा को लेने वाले उन लोगों के स्पाउस होते हैं, जो एच-1बी वीजा के बूते यहां काम करने के लिए पहुंचते हैं. इनमें भारतीय सबसे ज्यादा संख्या में शामिल हैं. ट्रंप प्रशासन इस प्रावधान को खत्म करने की योजना बना रहा है. यूएएस सिटीजनशिप एंड इमिग्रेशन सर्विसेस (यूएससीआईएस) के डायरेक्टर फ्रांसिस सिस्ना की मानें तो इन गर्मियों के आखिर तक इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी किया जा सकता है.
ओबामा के नियम को खत्म करने की तैयारी
दरअसल जब बराक ओबामा अमेरिका के राष्ट्रपति थे, तब उन्होंने एच-4 वीजा की व्यवस्था को लागू किया था. एच-4 वीजा, एच1बी वीजा होल्डर्स के स्पाउस को जारी किया जाता है, इनमें भारत से जाने वाले हाई-स्किल्ड प्रोफेशनल्स बड़ी संख्या में होते हैं. उन्हें पिछली ओबामा सरकार द्वारा जारी एक स्पेशल ऑर्डर के अंतर्गत वर्क परमिट हासिल हुआ था. इस प्रावधान से भारतीय-अमेरिकियों को खासा फायदा हुआ था. इस नियम के चलते 1 लाख से ज्यादा एच-4 वीजा होल्डर्स को फायदा हुआ था.
आसान नहीं वर्क परमिट हासिल करना
ओबामा सरकार के 2015 में जारी नियम से परमानेंट रेजिटेंड स्टेटस हासिल करने के इच्छुक एच1बी वीजा होल्डर्स के स्पाउस के लिए वर्क परमिट हासिल करने आसान हुआ था. इसके बाद यहां नौकरी करने वालों को राहत मिली थी. हालांकि, सामान्य प्रक्रिया में वर्क परमिट हासिल करने में एक दशक तक का समय लग जाता है.