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मोदी का खौफ- PAK ने आतंकियों को पहनाई सेना की वर्दी

कश्मीर में #URI ATTACK के बाद PM नरेंद्र मोदी के कड़े रुख को देखते हुए PoK में खौफ का माहौल है। खुफिया विभाग के मुताबिक, POK में आतंकियों और ISI की मीटिंग हुई है।
पाकिस्तान की खूफिया एंजेसी POK में जिन लश्कर-ए-तयैबा, हिजबुल मुजाहिद्दीन और जमात-उद-दावा जैसे आतंकी संगठनों को ट्रेनिंग दे रही थी उन्हे अब वहां से शिफ्ट करना शुरू कर दिया है। जिन आतंकियों को शिफ्ट किया जा रहा है वो पूरी तरह ट्रेंड हैं उन्हें पाकिस्तानी फौज की वर्दी पहनाई जा रही है ताकि फौज और आतंकियों में कोई फर्क ना रहे। इसके साथ ही खूंखार आतंकियों के शिविरों को पाकिस्तानी फौज के कैंपों के पास ही शिफ्ट किया जा रहा है। ताकि उन्हें महफूज रखा जा सके।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान के बाद से पाकिस्तानी आतंकी संगठनों में खलबली मची हुई है। मुजफ्फराबाद में आतंकियों संगठनों के टॉप कमांडरों और आईएसआई के अफसरों के बीच एक खुफिया मीटिंग भी हुई। जिसमें आईएसआई के अफसरों ने इन लोगों को अगाह किया कि वो POK से अपने कैंप को जितना जल्दी हो हटा लें, आईएसआई ने इन आतंकी कमांडरों को बताया है कि भारतीय फौज किसी भी वक्त उनके खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक कर सकती है। या फिर ड्रोन हमले के जरिए उनके कैंपों को तबाह किया जा सकता है। आतंकियों के कमांडरों को आईएसआई ने ये भी सुझाव दिया कि वो लोग ऐसी जगह शिफ्ट हों जहां पर हमले का खतरा कम हो।
आईएसआई ने PoK में चल रहे करीब 17 आतंकी कैंपों को यहां से शिफ्ट करा दिया है। जिन्हें कैंप अब पाकिस्तानी फौज के नजदीक ही बनाए गए हैं। ताकि हमले की सूरत में इन्हें कवरिंग फायर दिया जा सके। खुफिया विभाग को एक और बेहद चौंकाने वाली जानकारी मिली है। जानकारी के मुताबिक पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी उन आतंकियों को फौजियों की वर्दी दे रही है जो गोरिल्ला वार से लेकर युद्ध की हर कला में परांगत हैं। इन ट्रेंड आतंकियों को बकायदा फौज में शामिल किया जा रहा है। ताकि कोई भी इन पर उंगली ना उठे सके। हालांकि इनकी पहचान के लिए इन्हें एक अलग से कोड वर्ड दिया गया है ताकि आईएसआई ये जान सके कि उसके असली सैनिक कौन हैं और आतंकी कौन हैं।
आईएसआई की प्लॉनिंग के मुताबिक, अभी इन लोगों को घुसपैठ करने से भी मना किया गया है। मुजफ्फराबाद में हुई मीटिंग में आतंकियों के टॉप कमांडरों को सलाह दी गई है कि वो फिलहाल कश्मीर में आतंकियों की घुसपैठ को रोके। नहीं तो ये लोग बेमौत मारे जाएंगे। लेकिन, साथ ही आईएसआई ने आतंकियों को सुझाव दिया है कि वो कश्मीर के रास्ते घुसपैठ ना करके दूसरे रास्ते अगर भारत की सीमा में दाखिल हो सकते हैं तो हो जाएं। ताकि हिंदुस्तान के दूसरे हिस्सों में आतंक फैलाया जा सके। POK के मानसेहरा और मुजफ्फराबाद के सभी आतंकी कैंपों को यहां से शिफ्ट कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि ट्रेंड आतंकियों को छिपने के लिए बाकायदा पाकिस्तानी फौज के बंकर भी मुहैया कराए गए हैं।