

शिवपाल ने कहा कि उनका किसी से कोई मतभेद नहीं है। चुनाव का वक्त है और वह नेताजी के साथ हैं। वह पार्टी और संगठन का काम देखेंगे और जनता के बीच जाएंगे। एक बार फिर जनता का जनादेश हासिल करते हुए जिम्मेदारियों को निभाना है।
बताते चलें कि समाजवादी पार्टी और यूपी सरकार में सोमवार से ही चीजें सही नहीं चल रही हैं। सबसे पहले दो कैबिनेट मंत्री गायत्री प्रसाद प्रजापति और राजकिशोर सिंह को हटाया गया। इसके बाद मंगलवार को मुख्य सचिव दीपक सिंघल को भी हटा दिया गया। बात यहीं नहीं रुकी और मंगलवार शाम मुलायम सिंह यादव ने अखिलेश यादव को पार्टी प्रदेश अध्यक्ष के पद से हटाते हुए यह जिम्मेदारी शिवपाल यादव को दे दी।