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आन-बान और शान का प्रतीक है गणतंत्र दिवस, जानें इससे जुड़े कुछ रोचक तथ्य

नई दिल्ली: गणतंत्र दिवस हर भारतवासियों के लिए बहुत मायने रखता है जिसे हम बेहद उत्साह के साथ मनाते हैं। 68 वें गणतंत्र दिवस परेड राजपथ पर मनाने की पूरी तैयारी हो चुकी है। सुबह 10 बजे राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के झंडा फहराने के बाद परेड शुरू हो जाएगी, जो करीब 11.30 बजे तक चलेगी।

आज ही के दिन सन 1950 में हमारे देश का संविधान अस्तित्व में आया था और भारत पूरी तरह गणतंत्र बन गया। गणतंत्र दिवस के ही दिन भारत के हर नागरिक को अपनी पहचान मिली। आज का दिन हर हिन्दुस्तानी के लिए आन-बान और शान का दिन होता है। आइये इस 68वें गणतंत्र दिवस के मौके पर हम आपको बताते हैं गणतंत्र से जुड़ कुछ तथ्य-

1- हिंदुस्तान का संविधान दुनिया का सबसे बड़ा लिखित संविधान है,जिसे बाबा भीम राव अंबेडकर की अध्यक्षता में तैयार किया गया। इसे तैयार करने में दो साल, ग्यारह महीने और अठारह दिन लगे थे।

2- 26 जनवरी 1929 को लाहौर में पंडित जवाहर लाल नेहरु ने तिरंगा फहराया और पूर्ण स्वराज की घोषणा की थी। जबकि 1936 में फैजलपुर में कांग्रेस का सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें संविधान सभा ने पहली बार संविधान निर्माण की मांग की।

3- आपको बता दें कि ये मांग उठने के करीब तेरह साल बाद 26 नवम्बर 1949 को संविधान के 15 अनुच्छेद लागू किए गए। इन अनुच्छेद में नागरिकता और अन्तरिम संसद भी शामिल थी और फिर 26 जनवरी 1950 को सम्पूर्ण संविधान लागू किया गया।

4- पूर्ण संविधान लागू करने से पहले 24 जनवरी 1950 को अन्तिम बैठक बुलाई गई, जिसमें डॉक्टर राजेन्द्र प्रसाद को भारत का राष्ट्रपति चुना गया। फिर दो दिन बाद 26 जनवरी को भारत के पहले राष्ट्रपति डॉ.राजेंद्र प्रसाद ने गवर्नमेंट हाऊस में शपथ ली।

5- हर साल गणतंत्र दिवस के मौके पर राष्ट्रपति तिरंगा फहराते हैं और प्रधानमंत्री अमर जवान ज्योति पर उन शहीदों को श्रद्धाजंलि देते हैं, जिन्होंने देश की आजादी में बलिदान दिया।

6- गणतंत्र दिवस की पहली परेड 1955 को दिल्ली के राजपथ पर हुई थी। पहले मुख्य अतिथि थे इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो।

7- भारतीय संविधान की दो प्रतियां जो हिन्दी और अंग्रेजी में हाथ से लिखी गई थी। भारतीय संविधान की हाथ से लिखी मूल प्रतियां संसद भवन के पुस्तकालय में सुरक्षित रखी हुई हैं।

8- 29 जनवरी को विजय चौक पर बीटिंग रिट्रीट सेरेमनी का आयोजन किया जाता है जिसमें भारतीय सेना, 9 वायुसेना और नौसेना के बैंड हिस्सा लेते हैं। यह दिन गणतंत्र दिवस के समारोह के समापन के रूप में मनाया जाता है।

9- परेड में शामिल होने वाली टुकड़ी और झांकियों की रफ्तार 5 किमी/घंटा होती है ताकि सभी इसे बेहतर तरीके से देख सकें।

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