एक और बाबा पर दुष्कर्म का आरोप, एफआईआर दर्ज, दाती मदन ‘महराज’ फरार

नई दिल्ली : दाती मदन का दिल्ली के फतेहपुरी बेरी स्थित असोला में बने शनि धाम मंदिर में भगवान शनि की प्राकृतिक चट्टान आइडल है। यह मूर्ति बहुत चमकदार है और दुनिया में भगवान शनि की सबसे ऊंची मूर्ति है। 31 मई, 2003 को अनंत श्री विभूतित जगत गुरु शंकरचार्य स्वामी माधवराशराम जी महाराज ने मूर्ति का अनावरण किया था। लंबे समय से स्थापित कई अन्य मानव निर्मित मूर्तियां हैं, फिर भी यह दुनिया भर से भगवान शनि के भक्तों के लिए आकर्षण का केंद्र बन गया है। इसी मूर्ति की स्थापना के बाद ही ये महाराज बन गए और सोशल मीडिया सहित चैनलों पर आने लगे। शनि के प्रकोप का डर और उसे शत्रु नहीं मित्र बताने के उपाय से जल्द ही लोगों में दिलों में इन्होंने जगह बना ली। लेकिन अब इन पर जो आरोप लगे हैं वे गंभीर हैं और इसमें उनकी गिरफ्तारी तय है। बता दें कि दाती महराज का नाम मदन है और वह अपना नाम दाती मदन महाराज लिखते हैं। दाती महाराज फतेहपुरी बेरी स्थित शनिधाम के प्रमुख हैं और ऐसा ही एक आश्रम राजस्थान में भी चलाते हैं। वह कई समाचार चैनल में सुबह के समय राशिफल बताते हुए भी देखे जा सकते हैं। दिल्ली के फतेहपुर बेरी और राजस्थान के पाली में उनका फार्महाउस है, जिसमें वह आश्रम चलाते हैं। दाती की खुद की वेबसाइट भी है, तो वहीं दावा किया जाता है कि दाती समाज सेवा व बच्चियों की पढ़ाई-लिखाई करवाने के क्षेत्र में भी सक्रिय हैं। यह पहला मामला नहीं है, जब कोई बाबा गिरफ्तार हुआ है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के मुताबिक दाती मदन के खिलाफ उनकी शिष्या की शिकायत पर रेप जैसे संगीन अपराध का मामला दर्ज किया गया है, लेेकिन ये मामला दो वर्ष पुराना है जिसके कारण मामले में गिरफ्तारी करना जल्दबाजी होगी। वरिष्ठ अधिकारियों के मुताबिक इस मामले में दाती मदन के आश्रम के लोगों से संपर्क साधा गया है ताकि जांच की जा सके। लेकिन बताया जाता है कि एफआईआर दर्ज की बात से ही वे फरार हैं, जिसके कारण अब उनकी गिरफ्तारी तय मानी जा रही है। बताया जाता है कि केंद्र के दो मंत्री सहित दिल्ली पुलिस के 1 आईपीएस सहित केंद्र सरकार में कई आईएएस इनके भक्त हैं और उसी के चलते इस समय वो लोग अच्छी पोस्ट पर भी बैठे हैं। हाल में ही इन्होंने राजस्थान में एक वरिष्ठ आईपीएस की तैनाती करवाई थी जिसको लेकर ये चर्चा में भी आए थे,जिसमें स्वयं राजस्थान की सीएम ने हस्तक्षेप किया था। इसके अलावा मध्य प्रदेश सरकार में भी इनकी अच्छी पैठ है और वहां से अधिकांश नेता दिल्ली में इनके आश्रम में आते हैं। पुलिस को दी अपनी शिकायत में पीड़िता ने अपना व अपने परिवार की जान का खतरा जताया है। उसका कहना है कि दुष्कर्म करने के बाद बाबा व उसके चेले उसे जान से मारने की धमकी देते थे। किसी को कुछ भी बताने पर उसे गायब करने की धमकी दी जाती थी। बुधवार को जब उसने मामले की शिकायत दर्ज करा दी तो अब उसकी जान को खतरा और बढ़ गया है। पीड़िता का कहना है कि राजस्थान से दिल्ली आते-जाते समय उसके साथ कुछ भी हो सकता है। पीड़िता ने पुलिस से सुरक्षा देने की मांग की है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि जल्द ही पुलिस की टीम दाती महाराज से पूछताछ कर उनकी गिरफ्तारी कर सकती है। हालांकि अभी कोई भी पुलिस अधिकारी यह नहीं बता रहा है कि पुलिस की टीम बाबा की तलाश में राजस्थान जाएगी या उनका नोटिस देकर पूछताछ में शामिल होने के लिए कहा जाएगा। सूत्रों का कहना है कि मामला दर्ज होते ही फिलहाल बाबा अंडरग्राउंड हो गया है। पुलिस उससे पूछताछ की रणनीति बना रही है। परमहंस दाता आश्रम छोड़कर फरार हो गये। अभी यहां से वह कहां गये हैं। इसका पता नहीं चल सका है। आशंका जताई जा रही है कि वह राजस्थान स्थित अपने आश्रम में गये होंगे। हालांकि इस बाबत कोई भी पुलिस अधिकारी कुछ भी बोलने से बचते रहे। वहीं घटना सामने आने के बाद से आश्रम पर बिल्कुल सन्नाटा छाया है। यहां तक की आश्रम में रहने वाले उनके ज्यादातर भक्त को भी सोमवार दोपहर को यह पता नहीं था कि उनके महाराज के खिलाफ बलात्कार का आरोप लगा है। घटना का पता लगते ही आश्रम में बंद कर दिया और मुख्य गेट व आसपास कोई
दिखाई नहीं दे रहा था।