दिल्लीराष्ट्रीय

इंटरनेशनल एजुकेशन के साथ अपनी संस्कृति की भी शिक्षा जरूरी

राजधानी दिल्ली में इंटरनेशनल एजुकेशन कांफ्रेंस का आयोजन

शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए शिक्षाविद, प्रधानचार्यों और शिक्षकों हुए सम्मानित

नई दिल्ली : शिक्षा के क्षेत्र में विकास, स्किल डेवलपमेंट और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा करने के उद्देश्य से राजधानी नई दिल्ली में इंटरनेशनल एजुकेशन कांफ्रेंस एजुकेशन दी एमिनेंस का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम ऑन स्काई ग्लोबल द्वारा आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए शिक्षाविद, प्रधानचार्यों और शिक्षकों को सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम में भारतीय राजनीतिज्ञ व पूर्व नेशनल वाईस प्रेजिडेंट भाजपा श्याम जाजू, सतीश उपाध्याय उपाध्यक्ष एनडीएमसी, वैदिक & सेलिब्रिटी एस्ट्रोलॉजर डॉ आचार्य विनोद कुमार झा, डॉ संदीप मारवाह, विनय चौधरी, प्रवक्ता भाजपा दिल्ली (युथ) समेत अनेक गणमान्य लोग उपस्थित थे। आयोजक डॉ वरुण गुप्ता और डॉ नरेश मल्होत्रा ने सभी अतिथियों का स्वागत किया।

श्याम जाजू ने इस कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा, सरकार शिक्षा के लिए अपना काम कर रही है और ऐसे आयोजन इस कार्य को सफल बनाने के लिए जरूरी हैं। सतीश उपाध्याय ने भी शिक्षा के लिए ऐसे आयोजनों का समर्थन किया। आयोजक डॉ वरुण गुप्ता ने कहा कि हमारा उदेश प्रधानमंत्री के सपनों का भारत बनाना है और इंटरनेशनल एजुकेशन के साथ अपनी संस्कृति को भी बताना है। स्किल डेवलपमेंट के महत्त्व पर चर्चा करते हुए डॉ. वरुण ने कहा, हम अपने कुछ किए हुए कारनामों को आगे ले जाकर उनका विकास कर सकें। यदि हम अभी वर्तमान में स्टूडेंट हैं या कुछ हमने पढ़ाई की है या किसी प्रकार के हमें काम करने की क्षमता है तो, उसका विकास यानी उसमें हमें तरक्क़ी लाना है और आगे जाकर के उससे लाभ प्राप्त करना है। यही स्किल डेवलपमेंट का महत्व है।

Related Articles

Back to top button