ग्रामीणों की मुसीबत का सबब बनी नदियां, 29 गांवों में घुसा पानी
गोरखपुर (एजेंसी): जिले से होकर गुजरने वाली सभी प्रमुख नदियां खतरे के निशान को पार कर गईं हैं। 29 गाँवों में पानी घूस गया है। इन बाढ़ प्रभावित गांवों में 34 नावें मुहैया कराई गई हैं। अब ग्रामीण इन्हीं नावों के जरिये आ-जा रहे हैं।
इधर, प्रशासनिक और सिंचाई विभाग के अधिकारियों द्वारा बंधों की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। डूबने वाले लोगों की तलाश के लिए एनडीआरएफ और पीएसी के गोताखोर जवानों को तैनात किया गया है।
लाल निशान पार कर चुकी हैं ये नदियां
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और सिंचाई विभाग द्वारा शनिवार की देर रात जारी बुलेटिन के मुताबिक जिले में बहने वाली राप्ती, रोहिन, कुआनों और सरयू खतरे का निशान पार कर चुकी हैं। नदियों का पानी बंधों पर दबाव बनाने लगा है। आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर नदियां तेजी से कटान कर रही हैं। बाढ़ का पानी तकरीबन 30 गांवों में फैल चुका है और नदियों का पानी यहां के बाशिंदों को बुरी तरह से प्रभावित कर रहा है।
नदी-स्थान-लाल निशान-जल स्तर
- सरयू-अयोध्या-92.73-94.010
- सरयू-तुर्तीपार-64.01-66.00
- कुआनो-मुखलिसपुर-78.65-79.84
- राप्ती-बर्डघाट-74.98-75.38
(आंकड़े मीटर में)
सतर्क रहें अधिकारी-कर्मचारी : डीएम
जिलाधिकारी के. विजयेंद्र पांडियन का कहना है कि बाढ़ की स्थिति पर नजर बनी हुई है। प्रशासनिक और सिंचाई विभाग के साथ पुलिस व स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया गे है। जरूरत के समय आपदा मित्रों की भी मदद ली जाएगी है।