ज्ञान भंडार
यहां 12 साल से कौए खाने आ रहे हैं गाठिए

धार। प्रकाशनगर में पिछले 12 साल से एक अविरत ऐसा क्रम चल रहा है, जो कि पक्षियों के प्रति प्रेम का उदाहरण है। रोज सुबह 7 बजते ही वरिष्ठ छायाकार रमेश सोनी के घर की छत पर कौए बैठकर इंतजार करने लगते हैं। चाहे कोई भी मौसम हो, उन्हें रोज बेसन के गाठिए(नमकीन) खाने को जो मिलते हैं!
आमतौर पर पक्षी अनाज व दाना खाना पसंद करते हैं, लेकिन यहां कौए गाठिए खाते हैं। सोनी द्वारा की गई पहल के बाद रोज गाठिए खिलाने वाले मददगार हाथ भी बढ़ गए हैं। 15 लोग इनके लिए सहयोग करते हैं। इन कौओं के लिए माह में 10 किलो तक गाठिए खिलाए जाते हैं।
