फ्लाईदुबई के को-पायलट पर ट्रंप का बड़ा बयान, बोले- ‘आतंकवादी या सिरफिरा’, भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार को बताया हीरो

वॉशिंगटन डीसी: फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में हवा के दौरान हुए हमले को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा बयान दिया है। ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इस घटना को लेकर इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से बात की है। उन्होंने को-पायलट को संभवतः आतंकवादी या सिरफिरा बताया और गंभीर रूप से घायल भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की तारीफ करते हुए उन्हें हीरो बताया।
चाकू से हमला करने के बाद विमान को नीचे गिराने की कोशिश
ट्रंप के मुताबिक, को-पायलट ने कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला किया और कथित तौर पर विमान को दुर्घटनाग्रस्त करने की कोशिश की। हमले में कैप्टन गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाबी हासिल की, जिससे यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को हस्तक्षेप करने का मौका मिला।
इजराइली यात्री ने हमलावर को काबू करने में की मदद
ट्रंप ने हमलावर को काबू करने में एक यात्री की भूमिका की भी सराहना की। उन्होंने बताया कि एक इजराइली प्लंबर, जिसे विमान उड़ाने का कोई अनुभव नहीं था, ने विमान के तेजी से नीचे जाने के दौरान तुरंत कार्रवाई की।
ट्रंप के अनुसार, यात्री ने चीखें सुनीं और तेजी से कॉकपिट की ओर पहुंचा। इसके बाद उसने कथित हमलावर को पायलट की सीट से खींचकर बाहर निकाल दिया।
यात्री यानीव हायौन ने बताया कैसे रोका हमलावर
रिपोर्ट के अनुसार, फ्लाईदुबई के यात्री यानीव हायौन ने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से मुलाकात कर कॉकपिट तक पहुंचने की अपनी कोशिश के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उन्होंने और दूसरे यात्रियों ने कथित हमलावर को रोकने के लिए हस्तक्षेप किया।
यानीव ने बताया कि उन्होंने हमलावर को गले से पकड़कर काबू किया, उसे कॉकपिट से बाहर खींचा और फिर विमान का नियंत्रण संभालने में मदद के लिए वापस लौटे।
नेतन्याहू ने यात्री को बताया ‘असली हीरो’
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने यात्री यानीव हायौन की बहादुरी की तारीफ की। उन्होंने उसे असली हीरो बताते हुए कहा कि इजराइल के लोग शेरों की कौम हैं।
घटना के दौरान चालक दल और यात्रियों के हस्तक्षेप से पहले विमान हजारों फीट नीचे आ चुका था। बाद में विमान को सऊदी अरब में सुरक्षित उतारा गया। अधिकारी अब हमले के पीछे के मकसद की जांच कर रहे हैं।
इजराइल के विदेश मंत्रालय ने भी की कैप्टन की तारीफ
इजराइल के विदेश मंत्रालय ने कैप्टन स्मित मच्छार को हीरो बताते हुए कहा कि कॉकपिट में चाकू से हमला होने के बाद भी उन्होंने मुकाबला किया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद वह कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाब रहे।
मंत्रालय के मुताबिक, कैप्टन के इस कदम से इजराइली यात्रियों और अमीराती चालक दल को हस्तक्षेप करने का मौका मिला और सभी यात्रियों को बचाया जा सका। मंत्रालय ने कहा कि कैप्टन की असाधारण हिम्मत से 174 लोगों की जान बची।
13 साल से ज्यादा का कमर्शियल उड़ान अनुभव
कैप्टन स्मित मच्छार के पास 13 साल से अधिक का कमर्शियल विमान उड़ाने का अनुभव है। उन्होंने कुल 9,750 घंटे उड़ान भरी है, जिसमें उनका अधिकांश अनुभव बोइंग 737 विमान उड़ाने का है।
फ्लाईदुबई से जुड़ने से पहले वह एक भारतीय एयरलाइन में करीब 11 साल तक काम कर चुके हैं। वहां वह लाइन ट्रेनिंग कैप्टन की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
जांच के बीच इजराइल की उड़ानें रोकेगी फ्लाईदुबई
हवा में हुई इस घटना की जांच जारी है। रिपोर्ट के अनुसार, फ्लाईदुबई ने जांच के दौरान कुछ समय के लिए इजराइल आने-जाने वाली अपनी उड़ानें रोकने का फैसला किया है। हमले की वजह और को-पायलट के कदम के पीछे की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट हो सकेगी।



