
योगी सरकार का बड़ा फैसला: 250 करोड़ का फंड जारी, अब शिक्षामित्रों को हर माह मिलेंगे 18 हजार रुपये मानदेय
लखनऊ से बड़ी खबर सामने आई है, जहां प्रदेश सरकार ने परिषदीय स्कूलों में कार्यरत शिक्षामित्रों के लिए अहम फैसला लेते हुए 250 करोड़ रुपये का बजट जारी कर दिया है। कैबिनेट की मंजूरी के बाद यह धनराशि प्रदेश के 1 लाख 42 हजार शिक्षामित्रों को बढ़े हुए मानदेय के भुगतान के लिए आवंटित की गई है।
सरकार के इस फैसले के तहत अब शिक्षामित्रों के खातों में हर माह 18-18 हजार रुपये मानदेय के रूप में भेजे जाएंगे। इससे पहले मार्च में मानदेय को 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 18 हजार रुपये प्रति माह किया गया था, जिसे अब लागू करते हुए अप्रैल से भुगतान सुनिश्चित किया जा रहा है।
अप्रैल 2026 से लागू होगा बढ़ा हुआ मानदेय
शिक्षा विभाग पहले ही मानदेय बढ़ाने का आदेश जारी कर चुका था। अब वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए जारी किए गए बजट के साथ यह स्पष्ट हो गया है कि एक अप्रैल 2026 से शिक्षामित्रों को बढ़ा हुआ मानदेय नियमित रूप से मिलेगा। शिक्षामित्रों को साल में 11 महीने का मानदेय दिया जाता है।
जिलों को जारी हुआ बजट, उपयोग पर सख्त निर्देश
बेसिक शिक्षा निदेशक द्वारा 23 अप्रैल 2026 को जारी आदेश में यह धनराशि सभी जिलों को आवंटित कर दी गई है। यह राशि “शिक्षामित्रों को मानदेय भुगतान (जिला योजना)” मद में दी गई है, ताकि पूरे प्रदेश में समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जा सके।
सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस धनराशि का उपयोग केवल शिक्षामित्रों के मानदेय भुगतान के लिए ही किया जाएगा। साथ ही जिलों को निर्देशित किया गया है कि वे एकमुश्त धनराशि आहरित न करें, बल्कि आवश्यकता के अनुसार हर माह राजकोष से निकासी करें।
उपयोगिता प्रमाण पत्र देना होगा अनिवार्य
सरकार ने वित्तीय अनुशासन को लेकर भी सख्ती दिखाई है। निर्देश दिए गए हैं कि अगली किस्त जारी होने से पहले संबंधित अधिकारियों को खर्च की गई धनराशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र देना अनिवार्य होगा। किसी भी तरह की वित्तीय गड़बड़ी की जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी।
सरकारी आदेशों के तहत लागू हुआ फैसला
बताया गया कि 15 अप्रैल 2026 के शासनादेश के तहत इस बजट को स्वीकृति दी गई थी, जबकि 9 अप्रैल 2026 को मानदेय 18 हजार रुपये प्रतिमाह करने का निर्णय लिया गया था। अब इन आदेशों के अनुरूप धनराशि जारी कर दी गई है।
शिक्षामित्रों को मिलेगा सीधा लाभ
सरकार के इस फैसले से प्रदेश के हजारों शिक्षामित्रों को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा। लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग कर रहे शिक्षामित्रों के लिए यह निर्णय राहत भरा माना जा रहा है।
बीटीसी शिक्षक संघ ने जताया आभार
उत्तर प्रदेश बीटीसी शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष अनिल यादव ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि बढ़ते महंगाई के दौर में 18 हजार रुपये मानदेय मिलने से शिक्षामित्रों को राहत मिलेगी और सरकार का यह कदम सराहनीय है।



