मध्यप्रदेश में बड़ा सियासी उलटफेर! भाजपा ने तीनों राज्यसभा सीटें निर्विरोध जीतीं, चुनाव आयोग ने जारी किए प्रमाणपत्र

भोपाल: मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। भारतीय जनता पार्टी ने राज्य की तीनों राज्यसभा सीटों पर निर्विरोध जीत हासिल कर ली है। चुनाव आयोग ने गुरुवार को पार्टी के तीनों उम्मीदवारों को निर्वाचन प्रमाणपत्र भी जारी कर दिए हैं, जिसके बाद उनकी जीत औपचारिक रूप से तय हो गई है।
आयोग की ओर से जिन उम्मीदवारों को प्रमाणपत्र जारी किया गया है, उनमें रजनीश अग्रवाल, तरुण चुग और महेश केवट शामिल हैं। तीनों उम्मीदवार अब औपचारिक रूप से राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए हैं।
कानूनी प्रक्रिया के चलते अधर में था मामला
इस पूरे मामले में उस समय स्थिति जटिल हो गई थी जब कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन के नामांकन को लेकर विवाद खड़ा हुआ। कांग्रेस ने नामांकन रद्द किए जाने के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका पर सुनवाई शुक्रवार तक के लिए टाल दी थी।
वहीं चुनाव आयोग की ओर से भी इस मामले में कोई अलग निर्णय नहीं लिया गया, जिससे राजनीतिक स्थिति स्पष्ट होने लगी थी।
तीसरी सीट पर भी भाजपा का रास्ता साफ
तीसरी राज्यसभा सीट को लेकर कांग्रेस ने मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार बनाया था। हालांकि पार्टी के पास पर्याप्त संख्या बल होने के बावजूद उनका नामांकन 9 जून को निरस्त कर दिया गया था।
नामांकन रद्द होने के बाद राजनीतिक समीकरण पूरी तरह बदल गए और भाजपा के लिए तीनों सीटों पर जीत का रास्ता लगभग साफ हो गया। इसी के चलते अब औपचारिक रूप से भाजपा ने तीनों सीटों पर निर्विरोध जीत दर्ज कर ली है।
राजनीतिक हलचल तेज
मध्य प्रदेश की इस राज्यसभा चुनाव प्रक्रिया ने राज्य की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। विपक्ष द्वारा नामांकन रद्द किए जाने को लेकर उठाए गए सवालों के बीच अब मामला कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तर पर चर्चा में बना हुआ है।
फिलहाल चुनाव आयोग द्वारा प्रमाणपत्र जारी किए जाने के बाद भाजपा की जीत पर आधिकारिक मुहर लग गई है और तीनों उम्मीदवारों का राज्यसभा में जाना तय हो गया है।



