
बिलासपुर: गोवंश की जब्ती और उनकी अंतरिम कस्टडी से जुड़े मामलों में अदालतों के अधिकार को लेकर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण सुनवाई शुरू की है। अदालत यह तय करेगी कि गोवंश तस्करी या अवैध परिवहन के मामलों में एफआईआर दर्ज होने के बाद ट्रायल कोर्ट जब्त मवेशियों को अंतरिम कस्टडी में सौंप सकती है या विशेष कानून के प्रावधान इस अधिकार पर रोक लगाते हैं। इस महत्वपूर्ण कानूनी प्रश्न पर अगली सुनवाई 15 जुलाई को होगी।
डिवीजन बेंच ने नियुक्त किया न्याय मित्र
मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने की। अदालत ने कानूनी पहलुओं पर विस्तृत सहायता के लिए वरिष्ठ अधिवक्ता नौशीना आफरीन अली को न्याय मित्र नियुक्त किया है। साथ ही राज्य के महाधिवक्ता को भी मामले में विशेष सहयोग के लिए न्यायालय में उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।
लार्जर बेंच के सामने अहम कानूनी सवाल
हाईकोर्ट ने बताया कि 18 मार्च 2021 को इस मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे लार्जर बेंच के समक्ष भेजा गया था। मुख्य प्रश्न यह है कि यदि पुलिस गोवंश से जुड़े किसी मामले में मवेशियों को जब्त करती है, तो क्या मजिस्ट्रेट अदालत को उन्हें अंतरिम रूप से किसी व्यक्ति को सौंपने का अधिकार है, या फिर छत्तीसगढ़ कृषि पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 के विशेष प्रावधान इस अधिकार को सीमित कर देते हैं।
मुख्य आरोपी बरी, फिर भी कानूनी प्रश्न रहेगा बरकरार
2 जुलाई 2026 को हुई सुनवाई में याचिकाकर्ता मोहम्मद वासिम कुरैशी की ओर से अधिवक्ता ऋषिकांत महोबिया ने अदालत को बताया कि मूल आपराधिक मामले में ट्रायल पूरा हो चुका है और याचिकाकर्ता दोषमुक्त हो चुका है। इसके बावजूद डिवीजन बेंच ने स्पष्ट किया कि सिंगल जज द्वारा लार्जर बेंच के समक्ष भेजे गए मूल कानूनी प्रश्न का निर्णय भविष्य में ऐसे सभी मामलों के लिए आवश्यक है, इसलिए इसकी सुनवाई जारी रहेगी।
महाधिवक्ता ने मांगा अध्ययन के लिए समय
राज्य सरकार की ओर से पक्ष रखते हुए महाधिवक्ता विवेक शर्मा ने अदालत से कहा कि मामला महत्वपूर्ण कानूनी पहलुओं से जुड़ा है और विस्तृत तैयारी के लिए उन्हें कुछ समय चाहिए। अदालत ने यह अनुरोध स्वीकार करते हुए अगली सुनवाई 15 जुलाई निर्धारित की। साथ ही रजिस्ट्री को निर्देश दिया गया कि न्याय मित्र को याचिका, संबंधित दस्तावेज और अब तक की सभी आदेश प्रतियां तत्काल उपलब्ध कराई जाएं।



