नागपुर से एक ही परिवार के 5 सदस्य रहस्यमयी तरीके से लापता, आखिरी लोकेशन पुणे में मिली, जांच तेज

नागपुर: महाराष्ट्र के नागपुर शहर से एक ही परिवार के पांच सदस्यों के रहस्यमयी ढंग से लापता होने का मामला सामने आया है। धंतोली इलाके में रहने वाला परिवार 24 जून की शाम घर से निकला था, लेकिन उसके बाद से उनका कोई सुराग नहीं मिला। परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच तेज कर दी है। परिवार में एक नाबालिग बच्चा भी शामिल है।
कैब से निकला परिवार, फिर अचानक गायब हो गया
पुलिस के अनुसार, परिवार ने अपने धंतोली स्थित घर से निकलने के लिए एक कैब बुलाई थी। सभी सदस्य उसी कैब में सवार होकर रवाना हुए, लेकिन इसके बाद उनका कोई पता नहीं चल सका। परिजनों और रिश्तेदारों ने अपने स्तर पर काफी तलाश की, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर धंतोली पुलिस थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
सीसीटीवी खंगाले, कैब चालक की तलाश में जुटी पुलिस
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस ने एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और अन्य प्रमुख मार्गों के सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। हालांकि शुरुआती जांच में कोई ठोस सुराग नहीं मिला। इसके बाद पुलिस उस कैब चालक की तलाश में जुट गई, जिसकी गाड़ी से परिवार घर से निकला था।
24 जून से लापता है परसावनी परिवार
पुलिस के मुताबिक 24 जून की शाम करीब छह बजे सुरेश परसावनी की पत्नी हर्षा सुरेश परसावनी, बेटा जितेंद्र परसावनी, बहू इशिता जितेंद्र परसावनी, पोती खुशी जितेंद्र परसावनी और 12 वर्षीय पोता एक साथ घर से निकले थे। जब कई दिनों तक उनका कोई पता नहीं चला तो पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदारों ने 29 जून को धंतोली थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।
मोबाइल की आखिरी लोकेशन पुणे में मिली
धंतोली थाने के पुलिस निरीक्षक साइंनाथ रामोड ने बताया कि पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। मोबाइल फोन की लोकेशन खंगालने पर परिवार की आखिरी लोकेशन पुणे में मिली। इसके बाद पुणे पुलिस को भी सूचना देकर जांच में शामिल किया गया है।
कर्ज की आशंका, लेकिन पुलिस सभी पहलुओं की कर रही जांच
प्रारंभिक जांच में परिवार के आर्थिक संकट और कर्ज से जुड़े कुछ संकेत मिले हैं, लेकिन पुलिस ने अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से इनकार किया है। रिश्तेदार भी फिलहाल इस मामले में ज्यादा जानकारी साझा नहीं कर रहे हैं। पुलिस के अनुसार, कुछ समय के लिए परिवार के मोबाइल फोन चालू हुए थे, लेकिन बाद में सभी फोन स्विच ऑफ हो गए।
यूपीआई और एटीएम लेनदेन से मिले अहम सुराग
जांच में सामने आया है कि परिवार नागपुर से निजी ट्रेवल बस के जरिए पुणे गया था। पुलिस को कुछ स्थानों पर यूपीआई के माध्यम से किए गए भुगतान और एटीएम से नकदी निकासी के सुराग भी मिले हैं। इन जानकारियों के आधार पर नागपुर और पुणे पुलिस संयुक्त रूप से जांच आगे बढ़ा रही हैं।
दो से तीन दिन में मामले के खुलासे की उम्मीद
धंतोली पुलिस का कहना है कि जांच तेजी से आगे बढ़ रही है और उपलब्ध तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही मामले की गुत्थी सुलझने की उम्मीद है। पुलिस को विश्वास है कि परिवार का जल्द पता लगाकर उन्हें सुरक्षित वापस लाया जा सकेगा।



