जीवनशैलीस्वास्थ्य

दिवाली पर मिठाई खरीदने से पहले रहें सावधान! मिलावट से किडनी-लिवर को खतरा, लंबे समय तक सेवन से हो सकता है कैंसर

नई दिल्ली: दिवाली के त्योहार को देखते हुए बाजारों में मिठाइयों की मांग तेजी से बढ़ गई है। दुकानों पर रंग-बिरंगी मिठाइयां सजने लगी हैं, लेकिन इनकी चमक और आकर्षक खुशबू के पीछे मिलावट का खतरा भी छिपा हो सकता है। मिलावटी मिठाइयों का सेवन सेहत के लिए गंभीर नुकसानदायक साबित हो सकता है। इनमें इस्तेमाल होने वाले घटिया कच्चे माल और हानिकारक रसायनों से पाचन तंत्र प्रभावित होने के साथ किडनी और लिवर को भी नुकसान पहुंच सकता है। इसके अलावा पेट खराब होने और आंतों में संक्रमण का खतरा भी बढ़ जाता है।

घटिया खोये से तैयार हो रही मिठाइयां, ताजगी के नाम पर हो सकता है खेल

त्योहार के दौरान मिठाइयों में घटिया गुणवत्ता वाले खोये का इस्तेमाल किए जाने की आशंका रहती है। कई जगहों पर कई दिनों से रखे खोये को दोबारा गर्म करके ताजा बताकर बेचा जाता है। मिठाइयों को आकर्षक दिखाने और उनकी खुशबू बढ़ाने के लिए भी अलग-अलग तरह के रसायनों का इस्तेमाल किया जा सकता है। ऐसे में खाद्य पदार्थ खरीदते समय उनकी गुणवत्ता और ताजगी की जांच करना बेहद जरूरी है।

चांदी के वर्क वाली मिठाई खरीदते समय रखें खास ध्यान

बाजार में चांदी के वर्क के नाम पर एल्यूमीनियम की परत चढ़ाकर मिठाइयां बेचने की आशंका भी जताई जाती है। ऐसी मिलावटी परत सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकती है। खबर में बताई गई पहचान के अनुसार, वर्क को उंगलियों के बीच रगड़ने पर यदि वह गायब हो जाए या उसकी छाप उंगलियों पर रह जाए, तो उसकी गुणवत्ता पर संदेह हो सकता है।

विशेषज्ञों का कहना है कि त्योहार के दौरान जरूरत से ज्यादा चमकीली और रंगीन मिठाइयां खरीदने से बचना चाहिए। मिठाई खरीदते समय यह भी पता करना जरूरी है कि उसे कब तैयार किया गया है और कितने समय तक उसका सेवन सुरक्षित है। दूध में यूरिया जैसी हानिकारक चीजों की मिलावट भी चिंता का विषय है।

मिठाइयों में मिलाए जाने वाले रंग बढ़ा सकते हैं कैंसर का खतरा

मिठाइयों को आकर्षक बनाने के लिए रंगों का इस्तेमाल किया जाता है। खाद्य पदार्थों के लिए निर्धारित सुरक्षित रंगों का सही मात्रा में इस्तेमाल सामान्य तौर पर नुकसानदायक नहीं माना जाता, लेकिन गैर-खाद्य रंगों और हानिकारक रसायनों का उपयोग गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं पैदा कर सकता है।

जानकारों के मुताबिक, कुछ रंगों में कार्बन और भारी धातुएं मौजूद हो सकती हैं, जो शरीर को नुकसान पहुंचाती हैं। इनके संपर्क में आने से एलर्जी और अस्थमा जैसी समस्याएं हो सकती हैं। लंबे समय तक हानिकारक रंगों से बनी मिठाइयों का सेवन करने पर कैंसर का खतरा भी बढ़ सकता है।

मिलावट की इन चीजों से हो सकती हैं गंभीर बीमारियां

मिठाइयों और खाद्य पदार्थों में मिलावट के लिए इस्तेमाल होने वाली अलग-अलग चीजें शरीर को अलग-अलग तरह से नुकसान पहुंचा सकती हैं।

  • कास्टिक सोडा: इसका सेवन रक्तचाप बढ़ने और शरीर को नुकसान पहुंचने का खतरा पैदा कर सकता है।
  • यूरिया: मिलावटी खाद्य पदार्थों के जरिए शरीर में पहुंचने पर लिवर और किडनी को नुकसान पहुंचने की आशंका रहती है।
  • हानिकारक रंग: इनके सेवन से एलर्जी, अस्थमा, किडनी संबंधी परेशानी और लंबे समय में कैंसर का खतरा हो सकता है।
  • उबले आलू और शकरकंद: मिलावटी खाद्य पदार्थों में इनका इस्तेमाल होने पर पेट खराब होने और आंतों में संक्रमण की समस्या हो सकती है।

दिवाली पर मिठाई खरीदते समय इन सावधानियों का रखें ध्यान

त्योहार के दौरान मिठाइयों की खरीदारी करते समय कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखकर मिलावट के खतरे को कम किया जा सकता है।

  • बहुत ज्यादा चमकीली और रंग-बिरंगी मिठाइयां खरीदने से बचें।
  • मिठाई की ताजगी, गुणवत्ता और उसे तैयार करने की तारीख की जानकारी जरूर लें।
  • संभव हो तो त्योहार के मौके पर घर में ही मिठाइयां तैयार करें।
  • बाजार में खुले में रखी और संदिग्ध गुणवत्ता वाली खाद्य सामग्री से परहेज करें।
  • मधुमेह के मरीज मिठाई खाने से बचें और अपने स्वास्थ्य के अनुसार खानपान का ध्यान रखें।

Related Articles

Back to top button