
जमशेदपुर: कोल इंडिया लिमिटेड और उसकी अनुषंगी कंपनियों में काम करने वाले गैर-अधिकारी संवर्ग के कर्मचारियों के लिए राहत की खबर है। कंपनी ने हाउस रेंट अलाउंस (एचआरए) की दरों में बढ़ोतरी कर दी है। जारी आदेश के अनुसार, बढ़ी हुई दरें 1 अक्टूबर 2026 से लागू होंगी। इस फैसले से देशभर में कोल इंडिया और उसकी सहायक कंपनियों के दो लाख से अधिक कर्मचारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है। इनमें झारखंड के 65 हजार से ज्यादा कर्मचारी शामिल हैं।
कोल इंडिया मुख्यालय ने एचआरए की संशोधित दरों को लागू करने के लिए सभी अनुषंगी कंपनियों को निर्देश जारी कर दिए हैं। इस बदलाव से कर्मचारियों को हर महीने मिलने वाले मकान किराया भत्ते की राशि बढ़ जाएगी।
एक्स, वाई और जेड श्रेणी के शहरों में इतनी बढ़ीं दरें
नई व्यवस्था के तहत शहरों की श्रेणियों के अनुसार एचआरए की दरों में संशोधन किया गया है। अब कर्मचारियों को मूल वेतन के आधार पर बढ़ा हुआ भत्ता मिलेगा।
- एक्स श्रेणी के शहर: एचआरए 24 प्रतिशत से बढ़ाकर 27 प्रतिशत।
- वाई श्रेणी के शहर: एचआरए 16 प्रतिशत से बढ़ाकर 18 प्रतिशत।
- जेड श्रेणी के शहर: एचआरए 8 प्रतिशत से बढ़ाकर 9 प्रतिशत।
हर महीने 400 से 1,500 रुपये तक का अतिरिक्त लाभ
एचआरए की नई दरें लागू होने के बाद कर्मचारियों को प्रतिमाह न्यूनतम 400 रुपये से लेकर अधिकतम 1,500 रुपये तक अतिरिक्त मकान किराया भत्ता मिल सकता है। हालांकि, वास्तविक बढ़ोतरी कर्मचारी के मूल वेतन और संबंधित शहर की श्रेणी के आधार पर अलग-अलग होगी।
पुराने नियम और शर्तें रहेंगी लागू
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि एचआरए की दरों में बदलाव के अलावा पात्रता और भुगतान से संबंधित अन्य नियम व शर्तें पहले की तरह लागू रहेंगी। संशोधित दरें 1 अक्टूबर 2026 से प्रभावी होने के कारण पात्र कर्मचारियों को इसी तारीख से बढ़ी हुई दरों के आधार पर भत्ते का लाभ मिलेगा।



