नीदरलैंड्स में गूंजा पीएम मोदी का संदेश, बोले- दुनिया बदल गई लेकिन भारतीयों के संस्कार आज भी वही हैं

द हेग: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नीदरलैंड्स के मशहूर शहर द हेग में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए भावनात्मक और प्रेरणादायक संदेश दिया। प्रवासी भारतीयों के उत्साह और भव्य स्वागत से अभिभूत पीएम मोदी ने कहा कि यहां का माहौल देखकर उन्हें कुछ पल के लिए ऐसा महसूस हुआ मानो वे भारत से दूर नहीं हैं। उन्होंने कहा कि समय जरूर बदल गया है, दुनिया भी बदल गई है, लेकिन भारतीयों के संस्कार और अपनी जड़ों से जुड़ाव आज भी वैसा ही बना हुआ है।
पीएम मोदी ने अपने संबोधन में भारतीय समुदाय की सराहना करते हुए कहा कि विदेशों में रहने वाले भारतीय आज भी अपने संस्कार, संस्कृति और अपनापन उसी तरह निभा रहे हैं, जैसा भारत में देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि यही भारतीयता की सबसे बड़ी ताकत है, जो दुनिया के हर कोने में भारत की पहचान को मजबूत करती है।
अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने देश की प्रगति और बदलते भारत का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज का भारत बड़े सपने देखने के साथ-साथ उन्हें साकार करने की क्षमता भी रखता है। उन्होंने अंतरिक्ष विज्ञान में भारत की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत ने चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर पहुंचकर इतिहास रच दिया, जहां अब तक दुनिया का कोई दूसरा देश नहीं पहुंच पाया था।
भारत की उपलब्धियों का किया जिक्र
पीएम मोदी ने कहा कि भारत लगातार विज्ञान, तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उन्होंने कहा कि देश की युवा शक्ति और वैज्ञानिक क्षमता आज दुनिया में भारत का मान बढ़ा रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अब सिर्फ सपने देखने वाला देश नहीं, बल्कि उन्हें पूरा करने वाला राष्ट्र बन चुका है।
प्रवासी भारतीयों के संस्कारों की सराहना
प्रधानमंत्री ने प्रवासी भारतीयों की प्रशंसा करते हुए कहा कि भले ही वे दुनिया के अलग-अलग देशों में रह रहे हों, लेकिन उनके दिल में भारत और भारतीय संस्कृति के प्रति वही सम्मान और अपनापन कायम है। उन्होंने कहा कि यही भाव दुनिया में भारत की सॉफ्ट पावर को मजबूत बनाता है।
16 मई को बताया ऐतिहासिक दिन
कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने 16 मई की तारीख को भारत के लोकतांत्रिक इतिहास का बेहद अहम दिन बताया। उन्होंने कहा कि आज ही के दिन वर्ष 2014 में लोकसभा चुनाव के नतीजे घोषित हुए थे, जिसने देश में एक नए दौर और बदलाव की शुरुआत की थी। प्रधानमंत्री ने इसे भारत के लोकतंत्र का ऐतिहासिक क्षण बताते हुए जनता के विश्वास को देश की सबसे बड़ी ताकत करार दिया।



