राज्यराष्ट्रीय

मनन मिश्रा के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले वकीलों को SC से झटका! CBI जांच की मांग पर सुनवाई से इनकार, दिल्ली HC जाने की मिली छूट

नई दिल्ली: बार काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष मनन कुमार मिश्रा के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के दौरान युवा वकीलों के साथ हुई मारपीट के मामले में सीबीआई जांच की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई से इनकार कर दिया गया। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्य बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने कहा कि हर मामले को सीधे सुप्रीम कोर्ट लाने की स्थिति नहीं बननी चाहिए। अदालत ने याचिकाकर्ताओं को अपनी मांगों के साथ दिल्ली हाईकोर्ट जाने की अनुमति दे दी।

प्रशांत भूषण ने बताई सुप्रीम कोर्ट आने की वजह

याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने कहा कि बीसीआई से जुड़े कई महत्वपूर्ण मामलों की सुनवाई पहले से सुप्रीम कोर्ट में चल रही है। इसी वजह से याचिकाकर्ता सीधे शीर्ष अदालत पहुंचे हैं।

इस पर पीठ ने कहा कि याचिकाकर्ताओं के पास हाईकोर्ट के रूप में प्रभावी और उचित मंच मौजूद है। इसके बाद प्रशांत भूषण ने याचिकाकर्ताओं को दिल्ली हाईकोर्ट जाने की अनुमति देने का आग्रह किया।

दिल्ली हाईकोर्ट जाने की मिली छूट

सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता वकीलों को अपनी मांगों के साथ दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाने की अनुमति दे दी। याचिकाकर्ताओं ने मामले की सीबीआई जांच के अलावा 20 और 21 अगस्त के सीसीटीवी फुटेज को सुरक्षित रखने की मांग भी की है।

SC बोला- वकीलों के पास शिकायत के लिए उचित मंच

सुनवाई के दौरान पीठ ने कहा कि वकीलों को अपनी बात रखने और विरोध करने का अधिकार है। हालांकि, एक अनुशासित समुदाय होने के नाते उनके पास अपनी शिकायतों के समाधान के लिए कानूनी तंत्र और उचित मंच मौजूद हैं।

अदालत ने कहा कि ऐसा संदेश नहीं जाना चाहिए कि बीसीआई से जुड़ा हर विवाद सीधे सुप्रीम कोर्ट में लाया जाए। पीठ ने कहा कि हाईकोर्ट इस याचिका पर निष्पक्ष तरीके से विचार करने में पूरी तरह सक्षम है।

एक दिन पहले मनन मिश्रा पर SC ने दिया था बड़ा निर्देश

गौरतलब है कि इससे एक दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने बीसीआई के पुनर्गठन तक मनन कुमार मिश्रा को केवल कार्यवाहक प्रमुख मानते हुए निर्देश दिया था।

अदालत ने कहा था कि बीसीआई का कोई भी नीतिगत निर्णय भारत के अटॉर्नी जनरल और सॉलिसिटर जनरल की सहमति और उनकी मौजूदगी के बिना नहीं लिया जाएगा।

Related Articles

Back to top button