बालाघाट में बच्चों की मौत पर गरमाई सियासत, राहुल गांधी का MP सरकार पर हमला; बोले- दीये जलाने से फुर्सत मिले तो जमीन पर उतरिए

इंदौर: मध्य प्रदेश दौरे से पहले कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बालाघाट में आदिवासी बच्चों की मौत, स्वास्थ्य सुविधाओं, कुपोषण और शिक्षा व्यवस्था को लेकर प्रदेश सरकार पर सवाल उठाए हैं। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि आदिवासी इलाकों में बीमारी, पोषण की कमी और बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव का असर बच्चों पर पड़ रहा है।
बालाघाट में 30 से अधिक बच्चों की मौत का किया जिक्र
राहुल गांधी ने बालाघाट में बच्चों की मौत का जिक्र करते हुए कहा कि 30 से अधिक आदिवासी बच्चों की बीमारी और कुपोषण जैसी परिस्थितियों के बीच जान जा चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि इतनी गंभीर घटनाओं के बावजूद सरकार की ओर से अपेक्षित स्तर पर कार्रवाई दिखाई नहीं दी। राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार को उत्सव और दूसरे कार्यक्रमों से समय निकालकर ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों की वास्तविक स्थिति पर ध्यान देना चाहिए।
स्वास्थ्य सुविधाओं, साफ पानी और दवाओं पर उठाए सवाल
राहुल गांधी ने स्वास्थ्य व्यवस्था के साथ साफ पानी, पोषण और दवाओं की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने मिलावटी दवाइयों और अवैध जहरीली शराब की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसी परिस्थितियों का सीधा असर आम परिवारों पर पड़ रहा है और कई परिवारों को इसकी कीमत चुकानी पड़ रही है।
शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर हमला
राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में छात्र, युवा, गरीब, दलित, आदिवासी, पिछड़े और महिलाएं अलग-अलग समस्याओं का सामना कर रहे हैं। शिक्षा व्यवस्था की स्थिति को लेकर उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार की नीतियों और प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं। राहुल गांधी के इन राजनीतिक आरोपों पर सरकार या भाजपा की ओर से प्रतिक्रिया सामने आने पर उसका पक्ष भी महत्वपूर्ण रहेगा।
19 सितंबर को इंदौर में छात्रों से संवाद करेंगे राहुल गांधी
राहुल गांधी के मध्य प्रदेश दौरे का प्रमुख केंद्र इंदौर रहेगा। 19 सितंबर को आयोजित होने वाले ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में वह छात्रों और युवाओं के बीच पहुंचकर उनकी समस्याएं और सुझाव सुनेंगे। उन्होंने छात्रों से अपील की है कि वे खुलकर बताएं कि उनके सामने कौन-सी चुनौतियां हैं और कौन-सी परिस्थितियां उन्हें अपने सपनों को पूरा करने से रोक रही हैं। छात्रों से ऑनलाइन माध्यम से अपनी समस्याएं और सुझाव साझा करने के साथ वीडियो के जरिए भी अपनी बात रखने की अपील की गई है।
शिक्षा, रोजगार और प्रतियोगी परीक्षाओं पर होगी चर्चा
कांग्रेस के मुताबिक, ‘छात्रों की गूंज’ अभियान का उद्देश्य अलग-अलग क्षेत्रों के छात्रों की आवाज को सामने लाना है। इंदौर में होने वाले कार्यक्रम में शिक्षा, रोजगार, प्रतियोगी परीक्षाओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर छात्रों से प्रतिक्रिया लिए जाने की बात कही गई है।
राहुल गांधी का मध्य प्रदेश दौरा ऐसे समय हो रहा है, जब राज्य में स्वास्थ्य, शिक्षा और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है। अब इंदौर में छात्रों से संवाद के दौरान राहुल गांधी किन मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं, इस पर नजर रहेगी।



