मुख्यमंत्री मोहन यादव की अपील, शारीरिक से कम नहीं मानसिक स्वास्थ्य की अहमियत; तनाव मुक्त मध्यप्रदेश के लिए करें सामूहिक प्रयास

भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों से मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक और सजग रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज और सशक्त मध्यप्रदेश के निर्माण के लिए शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक सेहत को भी समान महत्व देना जरूरी है। इसके लिए सभी नागरिकों को मिलकर “तनाव मुक्त मध्यप्रदेश- स्वस्थ मन, स्वस्थ समाज और सशक्त मध्यप्रदेश” के संकल्प को आगे बढ़ाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने 10 अक्टूबर को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के मौके पर अपने संदेश में कहा कि मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए चिकित्सक समुदाय और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लोगों को सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने तनावमुक्त और स्वस्थ मध्यप्रदेश के निर्माण के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया।
बढ़ता तनाव शारीरिक और मानसिक सेहत के लिए चुनौती
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि तनाव आज जीवन की बड़ी चुनौतियों में शामिल होता जा रहा है। व्यक्तिगत जीवन, परिवार, कार्यस्थल और समाज में बढ़ता तनाव लोगों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रहा है। इसका असर आपसी संबंधों और जीवनशैली पर भी पड़ रहा है।
उन्होंने विशेष रूप से युवाओं में तनाव, अकेलेपन, चिंता और भावनात्मक असंतुलन को गंभीरता से लेने की जरूरत बताई। मुख्यमंत्री के अनुसार, ऐसी परिस्थितियां कई तरह की समस्याओं को जन्म दे सकती हैं और युवाओं को नशे तथा हिंसा जैसी हानिकारक प्रवृत्तियों की ओर भी धकेल सकती हैं।
10 अक्टूबर से सालभर चलेगी ‘तनाव मुक्त मध्यप्रदेश’ पहल
मुख्यमंत्री ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर 10 अक्टूबर से शुरू की गई वर्षभर चलने वाली “तनाव मुक्त मध्यप्रदेश” पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य को शारीरिक स्वास्थ्य के बराबर महत्व दिया जाना चाहिए, ताकि लोग अपने जीवन में संतुलन बनाए रखने के प्रति जागरूक हो सकें।
इस पहल का उद्देश्य मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और तनावमुक्त समाज के निर्माण के लिए लोगों को सामूहिक प्रयासों से जोड़ना है।
ध्यान और आंतरिक संतुलन के लिए किया जा रहा प्रयास
डॉ. यादव ने कहा कि हार्टफुलनेस संस्था के स्वयंसेवक कमलेश पटेल (दाजी) के मार्गदर्शन में लोगों तक नि:शुल्क ध्यान और आंतरिक संतुलन की सरल पद्धति पहुंचाने का सार्थक प्रयास कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और तनावमुक्त जीवनशैली को प्रोत्साहित करने के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया।



