अपराधउत्तर प्रदेशमेरठराज्य

आजम खान केस मामले की ED FIR में मेरठ की डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल से जुड़ी संस्था का नाम

डॉ.सरोजनी अग्रवाल एनसीआर मेडिकल कॉलेज से जुड़े मामले में सीबीआई जांच चल रही है।

Meerut News: मेरठ की डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल एक बार फिर से चर्चाओं में हैं। इस बार डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल का आजम खान केस में नाम आने से चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। रामपुर के जौहर विश्वविद्यालय को दिए गए चंदे में मेरठ की दो संस्थानाओं का नाम सामने आया है। मेरठ की जिन दो संस्थानों ने आजम खां की जौहर यूनिवर्सिटी को चंदा दिया है वो पूर्व एमएलसी डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल की है।
दो संस्थानाओं ने आजम खान के ट्रस्ट को 6 करोड़ रुपये चंदे के रूप में दिए
ईडी की एफआईआर में मेरठ की इस दो संस्थाओं का जिक्र भी है। इन दो संस्थानाओं ने आजम खान के ट्रस्ट को 6 करोड़ रुपये चंदे के रूप में दिए थे। मेरठ की दो संस्थाओं का नाम आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े ईडी केस में सामने आने से मेरठ की राजनीति गर्मा गई है। ईडी की एफआईआर के मुताबिक इन दोनों संस्थाओं ने मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट को करीब छह करोड़ रुपये चंदा दिया था।
दोनों संस्थाएं डॉ.सरोजनी अग्रवाल की बताई जा रही हैं। डॉ.सरोजनी अग्रवाल दो बार एमएलसी रह चुकी हैं। वो मेरठ की पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष भी रही हैं। वर्तमान में डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल भाजपा नेता हैं डॉक्टर सरोजनी अग्रवाल की बेटी डॉ. हिमानी अग्रवाल उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य हैं। ईडी की एफआईआर में इन संस्थाओं से जौहर ट्रस्ट को दिए गए चंदे का जिक्र है। बता दें डॉ.सरोजनी अग्रवाल एनसीआर मेडिकल कॉलेज से जुड़े मामले में सीबीआई जांच चल रही है।
जौहर यूनिवर्सिटी की इमारतों के निर्माण पर 494 करोड़ रुपये खर्च दिखाए
ईडी के मुताबिक जौहर यूनिवर्सिटी की इमारतों के निर्माण पर 494 करोड़ रुपये खर्च दिखाए गए है। सपा नेता आजम खान इस खर्च का पुख्ता हिसाब-किताब नहीं दे सके। ईडी का आरोप है कि सपा नेता आजम खान के मंत्री रहते सरकारी 85 करोड़ रुपये से खरीदी गई है। निर्माण सामग्री जौहर यूनिवर्सिटी परिसर में इस्तेमाल कराई गई है। अब मेरठ की दो संस्थाओं से जौहर ट्रस्ट तक पहुंचे 6 करोड़ रुपये का कनेक्शन ईडी की एफआईआर के बाद चर्चा में है।

Related Articles

Back to top button