
पटना: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के पुत्र और जनशक्ति जनता दल (जेेजेडी) के नेता तेज प्रताप यादव को हत्या के प्रयास से जुड़े मामले में 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। अदालत के आदेश के बाद उन्हें बेउर केंद्रीय कारागार भेजा गया। शनिवार देर रात उन्हें अनुमंडलीय न्यायिक दंडाधिकारी की अदालत में पेश किया गया था।
शॉपिंग मॉल से हिरासत में लेने के बाद अदालत में पेशी
तेज प्रताप यादव की अधिवक्ता निशा सिंह के अनुसार, पुलिस ने शनिवार देर शाम राजधानी पटना के एक शॉपिंग मॉल से उन्हें हिरासत में लिया और नौबतपुर थाना ले गई। इसके बाद देर रात उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां सुनवाई के बाद 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया गया।
हत्या के प्रयास के आरोप वाले मामले में हुई कार्रवाई
अधिवक्ता ने बताया कि तेज प्रताप यादव को हत्या के प्रयास के आरोप से जुड़े मामले में जेल भेजा गया है। उन्होंने कहा कि शनिवार को बिहार बंद के दौरान गांधी मैदान थाना क्षेत्र के रामगुलाम चौक पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के आग्रह पर तेज प्रताप यादव कुछ देर के लिए वहां रुके थे। उनके मुताबिक, मौके पर मौजूद एसडीपीओ ने उनसे भीड़ से हटने का अनुरोध किया और उन्हें सुरक्षित वहां से बाहर ले गए।
परीक्षा पेपर लीक को लेकर सरकार पर साधा निशाना
तेज प्रताप यादव ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार पर परीक्षा प्रश्नपत्र लीक की घटनाओं को लेकर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि पिछले 21 वर्षों में बिहार में आयोजित लगभग सभी प्रमुख भर्ती परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक की घटनाएं हुई हैं, जिससे लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने नीट समेत विभिन्न परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाने वाले छात्रों का आभार जताते हुए कहा कि इस आंदोलन को विपक्षी दलों का समर्थन मिला है और छात्रों के अधिकारों की लड़ाई आगे भी जारी रहेगी।
पार्टी ने गिरफ्तारी पर उठाए सवाल
जनशक्ति जनता दल की नेता वीणा मानवी ने तेज प्रताप यादव और अन्य आंदोलनकारियों की गिरफ्तारी पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ऊपरी आदेशों के आधार पर कार्रवाई कर रही है। उनका कहना था कि लोगों को निजी गतिविधियों के दौरान भी हिरासत में लिया जा रहा है और गिरफ्तारी का कारण पूछने पर केवल “ऊपर से आदेश” मिलने की बात कही जाती है। उन्होंने ऐसी कार्रवाई को लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंताजनक बताया।



