
यमुनानगर: हरियाणा सरकार की कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बावजूद यमुनानगर और जगाधरी की 64 कॉलोनियों के नियमितीकरण की प्रक्रिया अब तक आगे नहीं बढ़ सकी है। शहरी स्थानीय निकाय विभाग की अधिसूचना (नोटिफिकेशन) जारी न होने के कारण हजारों लोगों को अभी भी इंतजार करना पड़ रहा है और इन कॉलोनियों में विकास कार्य भी ठप पड़े हैं।
जानकारी के अनुसार, वर्ष 1996 की अधिसूचना के तहत कुल 76 कॉलोनियां नियमित किए जाने के दायरे में थीं। इनमें 54 कॉलोनियां जगाधरी और 22 यमुनानगर शहर की थीं। इनमें से 12 कॉलोनियां पहले ही नियमित हो चुकी हैं, जबकि शेष 64 कॉलोनियां अब भी अंतिम अधिसूचना का इंतजार कर रही हैं।
कैबिनेट से मंजूरी, लेकिन प्रक्रिया अभी अधूरी
हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में इन कॉलोनियों को नियमित करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी है। इसके बावजूद शहरी स्थानीय निकाय विभाग की ओर से अभी तक नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया है। इसी वजह से आगे की प्रशासनिक प्रक्रिया शुरू नहीं हो पा रही है।
बताया जा रहा है कि सिटी विधायक घनश्याम दास अरोड़ा और नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद इस मामले में लगातार संबंधित अधिकारियों के संपर्क में हैं। वहीं, कॉलोनियों के निवासी भी नियमित रूप से अधिकारियों से प्रगति की जानकारी ले रहे हैं।
इन कॉलोनियों को मिलेगा नियमितीकरण का लाभ
नियमित किए जाने वाली कॉलोनियों में गोल्डन कॉलोनी, दशमेश कॉलोनी, यमुना कॉलोनी एवं हाउस बिल्डिंग सोसाइटी, आजाद नगर प्रथम और द्वितीय, प्रोफेसर कॉलोनी, राम नगर, चोपड़ा गार्डन, लक्ष्मी गार्डन, कृष्णा कॉलोनी, टैगोर गार्डन (स्कीम नंबर-9), आनंद कॉलोनी, बिशनदास कॉलोनी, जम्मू कॉलोनी, कुलदीप नगर, हंसवंश पुरा, इंद्रपुरी, वीणा नगर, आदर्श नगर, नालागढ़ कॉलोनी सहित अन्य कई कॉलोनियां शामिल हैं।
इसके अलावा दयालपुरी, कृष्ण पुरी, शिव नगर, महावीर कॉलोनी, गुलाब पार्क, गोरी शंकर कॉलोनी, राजा साहब गार्डन, विष्णु गार्डन, राजेश नगर, मुखर्जी पार्क एक्सटेंशन, काली मंदिर कॉलोनी, शांति कॉलोनी, गंगा नगर, विश्वकर्मा कॉलोनी, विजय नगर, सरस्वती कॉलोनी, मनोहर कॉलोनी, दुर्गा गार्डन एक्सटेंशन, दर्शन नगर, पूर्ण विहार, प्रताप नगर, धीमान नगर, श्री गणेश नगर, रूप नगर एक्सटेंशन, गांधी धाम एक्सटेंशन और श्याम सुंदर पुरी एक्सटेंशन जैसी कॉलोनियां भी इस सूची में शामिल हैं।
12 कॉलोनियां पहले ही हो चुकी हैं नियमित
76 कॉलोनियों में से 12 कॉलोनियों का नियमितीकरण पहले ही किया जा चुका है। इनमें शिव नगर, महावीर कॉलोनी, गुलाब पार्क, लक्ष्मी कॉलोनी, विष्णु गार्डन कॉलोनी, ग्रीन विहार के पास स्थित कॉलोनी, विजय नगर एक्सटेंशन, भारत सेवक नगर साउथ, भागीरथ कॉलोनी, बसंत नगर, दुर्गा नगर और श्री शिव शंकर नगर शामिल हैं।
1996 की तकनीकी त्रुटि बनी बड़ी वजह
जानकारी के अनुसार, वर्ष 1996 में शहर की विभिन्न कॉलोनियों का सर्वे कराया गया था ताकि उन्हें नियमित किया जा सके। सर्वे रिपोर्ट शहरी स्थानीय निकाय विभाग को भेजी गई, लेकिन अधिसूचना जारी करते समय पोर्टल पर ‘कॉलोनी अप्रूव्ड’ दर्ज करने की जगह ‘बिल्डिंग अप्रूव्ड’ दर्ज कर दिया गया। इस तकनीकी और शाब्दिक त्रुटि के कारण ये कॉलोनियां अनअप्रूव्ड श्रेणी में बनी रहीं। कई स्थानों पर कॉलोनियों का कुछ हिस्सा स्वीकृत है, जबकि बाकी हिस्सा अब भी अनियमित माना जा रहा है।
नोटिफिकेशन जारी होने का इंतजार
नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने बताया कि 64 कॉलोनियों के संबंध में अभी अधिसूचना प्राप्त नहीं हुई है। नोटिफिकेशन मिलने के बाद समिति का गठन कर आगे की कार्रवाई शुरू की जाएगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि मुख्यालय से जल्द ही अधिसूचना जारी कर दी जाएगी।



