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वोटर लिस्ट विवाद पर राघव चड्ढा का AAP पर पलटवार, बोले- आरोप बेबुनियाद, केजरीवाल से नहीं हो रहा बर्दाश्त

नई दिल्ली: भाजपा के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने अपने वोटर रजिस्ट्रेशन को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) के आरोपों पर पलटवार किया है। उन्होंने आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए कहा कि उन्होंने चुनाव आयोग की सभी लागू प्रक्रियाओं और दिशा-निर्देशों का पालन किया है। चड्ढा ने आम आदमी पार्टी पर पार्टी छोड़ने के बाद से उन्हें लगातार निशाना बनाने का आरोप लगाया।

राघव चड्ढा ने कहा कि ऐसा लगता है कि वह अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी को परेशान कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दिन-रात पार्टी के नेता सिर्फ उन्हें निशाना बनाने के बारे में सोचते रहते हैं। चड्ढा ने कहा कि पार्टी ने पहले आरोप तय कर लिए और बाद में उन्हें सही साबित करने के लिए तर्क तलाशे जा रहे हैं।

मैंने चुनाव आयोग की सभी प्रक्रियाओं का पालन किया: राघव चड्ढा

राघव चड्ढा ने कहा कि उन्होंने वोटर पंजीकरण को लेकर चुनाव आयोग की सभी लागू गाइडलाइन और तय प्रक्रिया का पालन किया है। उन्होंने आम आदमी पार्टी पर आरोप लगाया कि वह वोटर लिस्ट और पार्टी सदस्यता रजिस्टर के बीच अंतर नहीं समझ रही है।

चड्ढा ने कहा कि जो भी व्यक्ति अरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी से अलग होता है, उसे निशाना बनाया जाता है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी छोड़ने के बाद से उनके खिलाफ लगातार आरोप लगाए जा रहे हैं।

चुनाव आयोग ने वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने की प्रक्रिया बताई

इस विवाद के बीच दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, हटाने और बदलाव की प्रक्रिया को स्पष्ट किया है। आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया था कि राघव चड्ढा का नाम राजिंदर नगर विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में सही प्रक्रिया का पालन किए बिना जोड़ा गया।

निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने बताया कि वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन की प्रक्रिया फॉर्म 6, फॉर्म 7 और फॉर्म 8 के माध्यम से की जाती है। इन आवेदनों पर निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950, मतदाता पंजीकरण नियम, 1960 और चुनाव आयोग के निर्देशों के अनुसार फैसला लेते हैं।

AAP ने राघव चड्ढा पर लगाए थे ये आरोप

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने आरोप लगाया था कि राघव चड्ढा का नाम दिल्ली की वोटर लिस्ट में नियमों को दरकिनार कर जोड़ा गया। उन्होंने कहा था कि चुनाव आयोग के जवाब से भी यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि ड्राफ्ट वोटर रोल में 746 मतदाताओं के बाद राघव चड्ढा का नाम कैसे शामिल हुआ।

ढांडा ने दावा किया कि राघव चड्ढा का नाम तय कानूनी और प्रक्रियात्मक नियमों का पालन किए बिना जोड़ा गया। उन्होंने चुनाव आयोग से इस प्रक्रिया को लेकर स्पष्टीकरण मांगा था।

SIR प्रक्रिया की पारदर्शिता पर AAP ने उठाए सवाल

AAP नेता अनुराग ढांडा ने चुनाव आयोग के जवाब पर सवाल उठाते हुए कहा कि इस पूरे मामले से दिल्ली निर्वाचन आयोग की प्रक्रिया पर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने मांग की कि आयोग यह स्पष्ट करे कि ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में 746 नामों के बाद राघव चड्ढा का नाम किस प्रक्रिया के तहत शामिल किया गया।

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