झारखण्डराज्य

झारखंड के थाने में 20 वर्षीय महिला से दुष्कर्म का आरोप, थाना प्रभारी समेत 15 पुलिसकर्मी निलंबित; दो आरोपी गिरफ्तार

सरायकेला: झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले में पुलिस थाने के भीतर 20 वर्षीय महिला के साथ कथित दुष्कर्म का गंभीर मामला सामने आया है। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। मामले में एक सब-इंस्पेक्टर और एक कांस्टेबल को गिरफ्तार किया गया है, जबकि गम्हरिया थाना प्रभारी समेत कुल 15 पुलिसकर्मियों को ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।

एसआईटी की जांच रिपोर्ट के बाद दो पुलिसकर्मी गिरफ्तार

29 अक्टूबर की रात हुई इस घटना की जांच के लिए सरायकेला-खरसावां के पुलिस अधीक्षक मनोज स्वर्गियारी के निर्देश पर अगले ही दिन विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया था। शनिवार को एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक को सौंपी। इसके बाद रविवार को निलंबित सब-इंस्पेक्टर मनोज साहू और कांस्टेबल संतोष राय को गिरफ्तार कर लिया गया। इससे पहले शनिवार को भी एक कांस्टेबल की गिरफ्तारी हुई थी। गिरफ्तार कांस्टेबल को स्थानीय अदालत ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

थाना प्रभारी समेत 15 पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज

पुलिस अधीक्षक ने मामले में लापरवाही और सतर्कता की कमी को गंभीरता से लेते हुए कुल 15 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है। इनमें गम्हरिया थाना प्रभारी इंस्पेक्टर संजय प्रसाद, सब-इंस्पेक्टर मनोज साहू और अनिरुद्ध सिंह, हवलदार मुनेश्वर कुमार तथा कांस्टेबल संतोष राय शामिल हैं।

इसके अलावा रविवार को सब-इंस्पेक्टर अजय पासवान और ललन रविदास, सहायक सब-इंस्पेक्टर विशु उरांव, मुकेश कुजूर, मुकेश रविदास और सीताराम सिंह पाहन, हवलदार पीतांबर महतो और बहादुर हांसदा तथा कांस्टेबल मनोज गोराई को भी निलंबित कर दिया गया।

पति से विवाद के बाद पुलिस की मदद लेने पहुंची थी महिला

पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया कि गुरुवार शाम को उसका अपने पति के साथ विवाद हो गया था। मारपीट के डर से वह घर छोड़कर चली गई और एक पड़ोसी के घर पहुंची। वहां से उसने अपने मोबाइल फोन के जरिए पुलिस से संपर्क किया। इसके बाद पुलिस की पीसीआर वैन उसके पास पहुंची और उसे गम्हरिया थाने ले आई।

थाने में आराम के लिए दिया गया था कमरा, वहीं वारदात का आरोप

पुलिस के आधिकारिक बयान के मुताबिक, थाने में मौजूद अधिकारियों ने महिला को आराम करने के लिए एक कमरा दिया था। आरोप है कि इसी दौरान थाने में वायरलेस ऑपरेटर के रूप में तैनात मुख्य आरोपी ने कमरे में महिला के साथ दुष्कर्म किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी जांच कर रही है और पुलिस अधिकारियों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है।

लापरवाही और पुलिस की छवि खराब करने के आरोप में कार्रवाई

पुलिस अधीक्षक की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ ड्यूटी में लापरवाही, सतर्कता की कमी और पुलिस की छवि को नुकसान पहुंचाने के आरोप में कार्रवाई की गई है। मामले में जांच जारी है और पुलिस प्रशासन की ओर से आगे की कार्रवाई एसआईटी की जांच के आधार पर की जाएगी।

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