पंजाब में नशा तस्करों पर बड़ी कार्रवाई का दावा, 89 हजार आरोपी गिरफ्तार; 23 करोड़ रुपये से ज्यादा की ड्रग मनी बरामद

चंडीगढ़: पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने नशे और गैंगस्टरवाद के खिलाफ राज्य सरकार की कार्रवाई का ब्योरा देते हुए दावा किया है कि मार्च 2022 से अब तक नशा तस्करी के मामलों में करीब 89 हजार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इस दौरान 68,545 मामले दर्ज किए गए और चार क्विंटल हेरोइन के साथ 23 करोड़ रुपये से अधिक की ड्रग मनी बरामद की गई। चीमा ने नशे के मुद्दे पर शिरोमणि अकाली दल, भाजपा और कांग्रेस को घेरते हुए पिछली सरकारों पर भी सवाल उठाए।
वित्त मंत्री ने आरोप लगाया कि पंजाब में नशे का कारोबार अकाली-भाजपा सरकार के कार्यकाल में शुरू हुआ और कांग्रेस की सरकार के दौरान भी जारी रहा। उन्होंने कहा कि मार्च 2022 में आम आदमी पार्टी की सरकार बनने के बाद से नशा तस्करी और गैंगस्टरवाद पर लगाम लगाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
गैंगस्टरों पर कार्रवाई के लिए बनाई गई विशेष टास्क फोर्स
हरपाल सिंह चीमा के मुताबिक, सरकार बनने के बाद एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) का गठन किया गया। इसका उद्देश्य गैंगस्टरों और संगठित अपराध में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई करना है। उन्होंने बताया कि घोषित अपराधियों को पकड़ने के लिए विशेष प्रयास किए गए और आपराधिक गतिविधियों में शामिल लोगों की गिरफ्तारी की गई।
वित्त मंत्री ने दावा किया कि एजीटीएफ ने गैंगस्टरों के खिलाफ कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में आरोपियों को पकड़ा और अवैध हथियार भी बरामद किए। उनके अनुसार, अपराधों में शामिल 188 लोगों को भी गिरफ्तार किया गया है।
नशा तस्करी के मामलों में 89 हजार गिरफ्तारियों का दावा
चीमा ने बताया कि राज्य में नशे के खिलाफ अभियान के तहत अब तक 68,545 मामले दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में करीब 89 हजार आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया गया है। कार्रवाई के दौरान चार क्विंटल हेरोइन और 23 करोड़ रुपये से अधिक की ड्रग मनी बरामद की गई है।
उन्होंने कहा कि अभियान के तहत केवल पारंपरिक नशीले पदार्थों ही नहीं, बल्कि मेडिकल नशे की तस्करी पर भी कार्रवाई की गई है। वित्त मंत्री के अनुसार, इस दौरान 67 लाख से अधिक नशीली गोलियां या अन्य संबंधित सामग्री और 4,200 इंजेक्शन बरामद किए गए। इसके अलावा 84 किलोग्राम नशीला पाउडर भी जब्त किया गया है।
ड्रोन से होने वाली नशा तस्करी पर भी नजर
वित्त मंत्री ने बताया कि ‘युद्ध नशे विरुद्ध’ अभियान के तहत नशा तस्करी के विभिन्न तरीकों पर अंकुश लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। इसमें ड्रोन के जरिये होने वाली तस्करी पर निगरानी और कार्रवाई भी शामिल है।
चीमा के मुताबिक, सरकार नशे की आपूर्ति श्रृंखला को तोड़ने के लिए पुलिस के माध्यम से लगातार कार्रवाई कर रही है। उन्होंने कहा कि नशा तस्करों और गैंगस्टरवाद में शामिल लोगों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। सरकार का लक्ष्य पंजाब को नशामुक्त बनाना और संगठित अपराध पर लगाम लगाना है।



