छत्तीसगढ़ में आज सामाजिक समरसता का महाउत्सव: मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत 2300 से ज्यादा जोड़े बंधेंगे विवाह सूत्र में

छत्तीसगढ़ में आज सामाजिक समरसता, समानता और सामूहिक सहभागिता का अनूठा दृश्य देखने को मिलेगा। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत 8 मई को प्रदेशभर में भव्य सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किए जा रहे हैं। सभी जिलों में होने वाले इन आयोजनों में 2300 से अधिक जोड़े विवाह बंधन में बंधेंगे।
राज्य सरकार और महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से कार्यक्रम को लेकर व्यापक तैयारियां की गई हैं। प्रशासनिक स्तर पर आयोजन स्थलों पर व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया गया है, ताकि नवविवाहित जोड़ों और उनके परिजनों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
विभिन्न समुदायों के जोड़े अपने रीति-रिवाज से करेंगे विवाह
यह सामूहिक विवाह समारोह केवल एक सरकारी आयोजन नहीं, बल्कि सामाजिक एकता और समरसता का बड़ा प्रतीक माना जा रहा है। कार्यक्रम में हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, बौद्ध समेत विभिन्न समुदायों के जोड़े अपने-अपने धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार विवाह करेंगे।
इसके साथ ही विशेष पिछड़ी जनजातियों के जोड़े भी इस आयोजन का हिस्सा बनेंगे। सामूहिक विवाह के माध्यम से समाज में समानता और सहभागिता का संदेश देने की कोशिश की जा रही है।
हर नवविवाहित जोड़े को मिलेगी 35 हजार रुपये की सहायता
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत राज्य सरकार प्रत्येक नवविवाहित दंपति को 35 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को राहत देना और बेटियों के विवाह को सम्मानजनक तरीके से संपन्न कराना है।
विवाह समारोह के दौरान भोजन, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य जरूरी सुविधाओं का भी विशेष प्रबंध किया गया है। प्रशासन का दावा है कि सभी जिलों में आयोजन को व्यवस्थित और गरिमामय तरीके से संपन्न कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बोले- समाज में समानता को मजबूत कर रही योजना
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना को सामाजिक समानता और सम्मान को मजबूत करने वाली महत्वपूर्ण पहल बताया है। उन्होंने कहा कि पहले आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बेटियों का विवाह बड़ी चिंता का विषय होता था, लेकिन अब यह योजना उन्हें आर्थिक और सामाजिक संबल प्रदान कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार संवेदनशील शासन की अवधारणा को धरातल पर उतारते हुए अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
रायपुर में पहले बन चुका है वर्ल्ड रिकॉर्ड
इससे पहले 10 फरवरी 2026 को रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय सामूहिक विवाह समारोह में 6,412 जोड़े विवाह बंधन में बंधे थे। इस ऐतिहासिक आयोजन को गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी दर्ज किया गया था।
उस दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 1,316 नवविवाहित जोड़ों को प्रत्यक्ष रूप से आशीर्वाद दिया था, जबकि प्रदेश के अन्य जिलों के जोड़े वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े थे।
महिला एवं बाल विकास विभाग ने संभाली तैयारियों की कमान
महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के मार्गदर्शन में विभाग द्वारा सभी जिलों में आयोजन की जिम्मेदारी संभाली गई है। विभागीय अधिकारियों और प्रशासनिक अमले ने आयोजन स्थलों पर व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने का काम पूरा कर लिया है।
सरकार का उद्देश्य है कि सामूहिक विवाह समारोह के जरिए जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक सहायता देने के साथ-साथ समाज में सामूहिकता और समरसता का संदेश भी मजबूत किया जाए।



