
सिमडेगा: झारखंड में रुबेला संक्रमण का एक और मामला सामने आया है। सिमडेगा जिले के ठेठईटांगर प्रखंड में एक और बच्ची में रुबेला की पुष्टि हुई है। 24 घंटे के भीतर इसी प्रखंड में दो बच्चों के संक्रमित मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है। संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रभावित गांवों में शिविर लगाकर बच्चों का टीकाकरण किया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, रिम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग की जांच में सोमवार को ठेठईटांगर प्रखंड के मुंडाटोली की 10 वर्षीय बच्ची में रुबेला संक्रमण की पुष्टि हुई थी। इसके बाद अब इसी प्रखंड के ताराबोगा के नदीपार गांव में भी एक बच्ची में संक्रमण की पुष्टि हुई है।
14 सितंबर को भेजे गए थे रक्त के नमूने
सिमडेगा के आईडीएसपी प्रभारी डॉ. अध्ययन शरण के अनुसार, 14 सितंबर को गांव से रक्त के नमूने लेकर जांच के लिए रिम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग भेजे गए थे। जांच रिपोर्ट आने के बाद ताराबोगा और कुडपानी-मुंडाटोली क्षेत्र में रुबेला संक्रमण की पुष्टि हुई।
स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है और संक्रमण को रोकने के लिए टीकाकरण अभियान शुरू किया गया है। विभाग के मुताबिक, ठेठईटांगर के मुंडाटोली में पिछले एक महीने से मिजिल्स के मामले सामने आ रहे थे। इसके बाद पांच लोगों के रक्त के नमूने जांच के लिए भेजे गए थे। इनमें चार लोगों में मिजिल्स की पुष्टि हुई, जबकि 10 वर्षीय बच्ची में रुबेला संक्रमण पाया गया।
मंगलवार को इसी प्रखंड के ताराबोगा नदीपार गांव में एक और बच्ची के संक्रमित मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने क्षेत्र में गतिविधियां तेज कर दी हैं।
मुंडाटोली में 44 में से 28 बच्चों का टीकाकरण
एक ही प्रखंड में दो बच्चों में रुबेला संक्रमण मिलने के बाद प्रभावित गांवों में टीकाकरण अभियान तेज कर दिया गया है। मुंडाटोली में अब तक 44 में से 28 बच्चों को टीका लगाया जा चुका है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से उन बच्चों को एमआर वैक्सीन की दूसरी डोज दी जा रही है, जिन्हें निर्धारित समय पर यह डोज नहीं मिल पाई है। विभाग संक्रमण की स्थिति पर नजर रखते हुए प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी और टीकाकरण अभियान जारी रखे हुए है।



