
यूपी में 22 पुलिसकर्मियों पर केस का आदेश, घर में घुसकर महिलाओं से बदसलूकी का आरोप
महाराजगंज: उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के घुघली थाना क्षेत्र के एक गांव में पुलिसकर्मियों पर घर में घुसकर महिलाओं के साथ कथित तौर पर बदसलूकी और लज्जा भंग करने का आरोप लगा है। मामले में विशेष न्यायाधीश, अनन्य विशेष न्यायालय (एससी-एसटी एक्ट) ने घुघली थाने के एक उपनिरीक्षक और कांस्टेबल समेत 22 पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है। अदालत ने क्षेत्राधिकारी को मामले की विवेचना करने का निर्देश भी दिया है।
रात में घर में घुसने का आरोप
पीड़िता के मुताबिक, एक मामले में पुलिस उसके घर के पुरुष सदस्यों को गिरफ्तार करके ले गई थी। आरोप है कि उसी रात करीब एक से दो बजे के बीच घुघली थाने के उपनिरीक्षक और कांस्टेबल समेत 20 अन्य पुलिसकर्मी उनके घर पहुंचे। पीड़िता का आरोप है कि पुलिसकर्मी बिना किसी महिला पुलिसकर्मी और वारंट के घर में दाखिल हुए।
उन्होंने बताया कि तलाशी लेने के नाम पर घर में मौजूद महिलाओं के साथ कथित तौर पर अश्लील हरकत की गई और उनकी लज्जा भंग की गई। मामले के बाद पीड़िता ने अदालत का रुख किया और पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
दरोगा और कांस्टेबल समेत 22 के खिलाफ केस दर्ज करने का आदेश
मामले की सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश ने घुघली थाने के एसआई राकेश यादव, कांस्टेबल अमित कुमार और 20 अन्य अज्ञात पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। अदालत ने घुघली थानाध्यक्ष को प्राथमिकी दर्ज करने और क्षेत्राधिकारी को मामले की जांच करने के निर्देश दिए हैं।
अदालत के आदेश के बाद पुलिस विभाग में हलचल
अदालत के आदेश के बाद पुलिस विभाग में भी हलचल बढ़ गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच कराने का निर्देश दिया है। अब पुलिस विभाग की ओर से आदेश के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
एएसपी बोले- आदेश का किया जा रहा परीक्षण
महाराजगंज के एएसपी सिद्धार्थ ने बताया कि एससी-एसटी विशेष अदालत का आदेश पुलिस को प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि आदेश का परीक्षण किया जा रहा है और इसके बाद नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



