
कोलकाता : टीएमसी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि वे बिहारी बाबू ही नहीं, बंगाली बाबू भी हैं । उन्होंने गुरुवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के पहले चरण में पहली बार पश्चिम बंगाल के आसनसोल में अपना वोट डाला । टीएमसी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने आसनसोल उत्तर के रवींद्र भवन में अपना वोट डालने के बाद कहा, “आज मैं यहां पहली बार वोट डालने आया हूं। बहुत अच्छा लग रहा है। मैं अपने अधिकार का इस्तेमाल करने और एक वोटर के तौर पर अपने कर्तव्य को पूरा कर रहा हूं।” उन्होंने आगे कहा, “मैं सिर्फ ‘बिहारी बाबू’ ही नहीं हूं, मैं एक ‘बंगाली बाबू’ भी हूं और सच कहूं तो मैं एक ‘हिंदुस्तानी बाबू’ हूं। वोट डालना एक राष्ट्रीय कर्तव्य है। मैंने हमेशा इसे निभाया है और आगे भी निभाता रहूंगा।”
इसी बीच, टीएमसी नेता शांतनु सेन ने मुख्य चुनाव आयुक्त पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, “जिस तरह से ज्ञानेश कुमार चुनाव करवा रहे हैं, इसके बाद भी अगर कोई घटना होती है, तो यह ममता बनर्जी की जिम्मेदारी नहीं है, क्योंकि अब पूरा प्रशासन ज्ञानेश कुमार के नियंत्रण में है।” शांतनु सेन ने कहा, “बंगाल में केंद्रीय बल के जवानों की तैनाती है। चुनाव आयोग ने मुख्य सचिव से लेकर डीजीपी तक लगभग 400 सरकारी अधिकारियों को बदला। इसके बाद भी अगर कुछ भी होता है, तो यह ज्ञानेश कुमार की जिम्मेदारी है।” उनका यह बयान वोटिंग के दौरान पश्चिम बंगाल में कुछ जगह हुई झड़प की घटनाओं पर आया। भाजपा पर निशाना साधते हुए शांतनु सेन ने कहा, “बंगाल के लोगों ने यह मन बना लिया है कि ‘बंगाल-विरोधी’ भारतीय जनता पार्टी को करारा जवाब दिया जाए।”
बता दें कि पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के लिए पहले चरण में 152 सीटों पर मतदान हुआ । इस चरण में उत्तरी बंगाल के कूचबिहार, दार्जिलिंग, कालिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, अलीपुरद्वार, उत्तरी व दक्षिणी दिनाजपुर और मालदा के अलावा दक्षिणी बंगाल के मुर्शिदाबाद, पूर्वी और पश्चिमी मिदनापुर, झाड़ग्राम, पुरुलिया, बांकुड़ा, पश्चिमी बर्धमान और बीरभूम में भी वोटिंग मतदान हुआ ।



