MP में ऑटो ड्राइवर के घर नोटों का अंबार, बंद अलमारी से मिले 3 करोड़ से ज्यादा कैश; पुलिस के सवाल पर ये दी सफाई

सागर: मध्य प्रदेश के सागर जिले में पुलिस उस समय हैरान रह गई, जब पिस्तौल लहराते हुए वीडियो डालने वाले दो भाइयों की तलाश के दौरान एक घर की बंद अलमारी से तीन करोड़ रुपये से अधिक की नकदी बरामद हुई। पुलिस टीम घर पर पिस्तौल की तलाश में पहुंची थी, लेकिन जांच के दौरान अलमारी में नोटों से भरा बैग मिला। ऑटो चलाने वाले परिवार ने दावा किया कि यह रकम उनके एक रिश्तेदार ने कई साल पहले वहां रखी थी।
पिस्तौल के वीडियो के बाद पुलिस पहुंची घर
पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया ने सोमवार को बताया कि सौरभ अहिरवार और उसके भाई ने कथित तौर पर पिस्तौल लहराते हुए वीडियो इंस्टाग्राम पर पोस्ट किए थे। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस दोनों भाइयों की तलाश कर रही थी।
इसी सिलसिले में पुलिस की एक टीम रविवार को अहिरवार के घर पहुंची। टीम का उद्देश्य कथित पिस्तौल को बरामद करना था। तलाशी के दौरान पुलिस को घर में एक बंद अलमारी दिखाई दी।
अलमारी खोलने से किया इनकार, फिर टूटा ताला
पुलिस के मुताबिक, जब टीम ने अलमारी खोलने के लिए कहा तो घर में मौजूद व्यक्ति ने आनाकानी की। उसने पुलिस को बताया कि उसके पास अलमारी की चाबी नहीं है।
इसके बाद पुलिस ने अलमारी का ताला तोड़ दिया। अलमारी खुलने के बाद उसमें एक बैग मिला, जिसमें तीन करोड़ रुपये से अधिक की नकदी रखी हुई थी। पुलिस के मुताबिक, बरामद रकम का फिलहाल कोई वैध हिसाब सामने नहीं आया है।
ऑटो ड्राइवर ने बताया किसका है पैसा
पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया के अनुसार, सौरभ अहिरवार का भाई ऑटो रिक्शा चलाता है। दोनों भाइयों ने पूछताछ में दावा किया कि बरामद रकम उनकी नहीं है।
उनका कहना है कि एक रिश्तेदार ने करीब आठ से नौ साल पहले यह नकदी अलमारी में रखी थी। पुलिस अब इस दावे की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इतनी बड़ी रकम कहां से आई और इसे इतने वर्षों तक घर में क्यों रखा गया।
पिस्तौल नहीं मिली, नकदी की जांच जारी
पुलिस ने बताया कि रविवार को की गई तलाशी के दौरान घर से कोई पिस्तौल बरामद नहीं हुई। हालांकि, बंद अलमारी से तीन करोड़ रुपये से अधिक की नकदी मिलने के बाद मामले की जांच का दायरा बढ़ गया है। पुलिस अब बरामद रकम के स्रोत और उसके मालिकाना हक से जुड़े दावों की जांच कर रही है।



